Govinda Downfall: एक दौर था जब गोविंदा का नाम ही फिल्म की गारंटी माना जाता था. उनकी एंट्री होते ही सिनेमा हॉल सीटियों और तालियों से गूंज उठता था. कॉमेडी हो, रोमांस हो या एक्शन हर अंदाज में वो दर्शकों के दिल जीत लेते थे. खासकर उनका डांस स्टाइल तो अलग ही पहचान बन चुका था. लेकिन वक्त के साथ सब कुछ बदल गया. 61 साल की उम्र में गोविंदा अब बड़े पर्दे से लगभग दूर हैं. आखिर ऐसा क्या हुआ कि ‘हीरो नंबर 1’ का करियर धीरे-धीरे ठंडा पड़ गया? आइए आसान भाषा में समझते हैं उन 5 बड़े कारणों को.
1. नंबर 1 इमेज में फंसकर रह गए
कूली नंबर 1, हीरो नंबर 1, आंटी नंबर 1, जोड़ी नंबर 1 और अनारी नंबर 1 जैसी फिल्मों ने उन्हें ‘नंबर 1’ स्टार बना दिया. लेकिन बाद में यही इमेज उनके लिए दायरा बन गई. दर्शक उन्हें एक ही तरह के किरदार में देखने के आदी हो गए और वो इससे बाहर निकलने का रिस्क नहीं ले पाए.
2. फिटनेस पर कम ध्यान
फिल्म इंडस्ट्री में लंबे समय तक टिके रहने के लिए फिट रहना बेहद जरूरी है. उनके साथ के कई एक्टर्स ने उम्र बढ़ने के साथ खुद को और फिट बनाया, लेकिन गोविंदा इस मामले में पीछे रह गए. इसका असर सीधे उनके रोल्स और स्क्रीन प्रेजेंस पर पड़ा.
3. सोशल मीडिया से दूरी
आज के दौर में सोशल मीडिया स्टार की पॉपुलैरिटी का बड़ा पैमाना है. जहां उनके समकालीन कलाकार ऑनलाइन काफी एक्टिव हैं, वहीं गोविंदा इस मामले में ज्यादा सक्रिय नहीं रहे. इससे नई पीढ़ी के दर्शकों से उनका कनेक्शन कमजोर होता गया.
4. बदलते दौर के साथ तालमेल की कमी
90 के दशक में गोविंदा की फिल्मों का जादू सिर चढ़कर बोलता था. लेकिन समय के साथ दर्शकों की पसंद बदली. कंटेंट-ड्रिवन और अलग तरह की फिल्मों का दौर आया, जिसमें गोविंदा खुद को ढाल नहीं पाए. नतीजा यह हुआ कि नई फिल्मों में उनकी मौजूदगी कम होती गई.
5. कमबैक की कोशिशें भी हुईं नाकाम
उन्होंने वापसी की कोशिश जरूर की, लेकिन वह असर नहीं दिखा. साल 2019 में आई “रंगीला राजा” उनकी आखिरी फिल्म रही, जो बॉक्स ऑफिस पर खास कमाल नहीं कर पाई. इसके बाद से वह बड़े पर्दे से लगभग गायब हैं.
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