Thank God Controversy: अजय देवगन की फिल्म थैंक गॉड का क्यों हो रहा विरोध, बैन करने की मांग

मध्य प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने फिल्म ‘थैंक गॉड’ पर प्रतिबंध लगाने के संबंध में केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर को पत्र लिखा है. मंत्री ने फिल्म में हिंदू देवताओं के अनुचित चित्रण का दावा किया है.

अजय देवगन और सिद्धार्थ मल्होत्रा अभिनीत फिल्म थैंक गॉड को लेकर विवाद बढ़ता ही जा रहा है. उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्रा के बाद अब मध्य प्रदेश में फिल्म का विरोध शुरू हो गया है. थैंक गॉड को इन राज्यों में बैन करने की मांग हो रही है. मालूम हो इंद्र कुमार के निर्देशन में बनी फिल्म आगामी 24 अक्टूबर को रिलीज होने जा रही है.

मध्य प्रदेश के मंत्री ने बैन करने की मांग को लेकर केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री को लिखा पत्र

मध्य प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने फिल्म ‘थैंक गॉड’ पर प्रतिबंध लगाने के संबंध में केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर को पत्र लिखा है. मंत्री ने फिल्म में हिंदू देवताओं के अनुचित चित्रण का दावा किया है.

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क्यों हो रहा थैंक गॉड का विरोध

दरअसल अजय देवगन और सिद्धार्थ मल्होत्रा अभिनीत फिल्म ‘थैंक गॉड’ पर आरोप है कि इसमें चित्रगुप्त का माखौल उड़ाया गया है. साथ ही आरोप है कि फिल्म में हिंदू मान्यताओं का मजाक उड़ाया गया है.

प्रयागराज में थैंक गॉड का कायस्थ समाज ने विरोध किया

फिल्म ‘थैंक गॉड’ में अपने ईष्ट देव चित्रगुप्त का माखौल उड़ाए जाने से नाराज कायस्थ समाज के लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया. विरोध कर रहे लोगों ने कहा, इस फिल्म में चित्रगुप्त का मजाक बनाने वाले हिस्से को नहीं हटाया गया तो कायस्थ समाज पूरे देश में आंदोलन करेगा.

महाराष्ट्र में भी फिल्म ‘थैंक गॉड’ पर प्रतिबंध लगाने की मांग

हिंदू जनजागृति समिति (एचजेजेएस) ने कहा कि अजय देवगन और सिद्धार्थ मल्होत्रा अभिनीत आगामी फिल्म ‘थैंक गॉड’ को प्रतिबंधित किया जाना चाहिए, क्योंकि इसमें कथित तौर पर हिंदू मान्यताओं का मजाक उड़ाया गया है. आरोप लगाया गया है कि फिल्म में चित्रगुप्त और यमराज को आधुनिक परिधान में दिखाया गया है और उनके फिल्म में संवाद मजाकिया हैं. हिंदू जनजागृति समिति ने कहा, टिप्पणियां फिल्म के ट्रेलर पर आधारित हैं और फिल्म में ऐसे आपत्तिजनक दृश्य और संवाद और भी हो सकते हैं.

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By Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

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