फ्रेंडशिप डे स्पेशल: ''तेरे जैसा यार कहां.... कहां ऐसा याराना''

कहते हैं जो बात हम किसी से शेयर नहीं कर सकते, वह एक सच्चे दोस्त से कर सकते हैं. इसलिए दोस्ती का रिश्ता हर रिश्ते से जुदा होता है. हर किसी की जिंदगी में एक दोस्त की अहम भूमिका होती है, जो उसके अच्छे-बुरे पलों का गवाह होता है. यहां कुछ टेलीविजन के सितारे जिंदगी […]

कहते हैं जो बात हम किसी से शेयर नहीं कर सकते, वह एक सच्चे दोस्त से कर सकते हैं. इसलिए दोस्ती का रिश्ता हर रिश्ते से जुदा होता है. हर किसी की जिंदगी में एक दोस्त की अहम भूमिका होती है, जो उसके अच्छे-बुरे पलों का गवाह होता है. यहां कुछ टेलीविजन के सितारे जिंदगी में दोस्ती की इसी अहमियत को हमसे शेयर कर रहे हैं.

सिद्धार्थ निगम : हर फ्रेंडशिप डे पर मैं करीबी दोस्तों को विश करता हूं और एक-दूसरे को हम फ्रेंडशिप बैंड बांधते हैं, क्योंकि हम बचपन से ही ऐसा करते आ रहे हैं. तार्श और रवि मेरे दो सबसे अच्छे दोस्त हैं, जिन्होंने पढ़ाई में मेरी काफी मदद की है. उनकी वजह से ही मैं पास हो पाया हूं, जिससे आज एक्टिंग करियर में मदद मिल रही है. इस साल अपने दोस्तों के साथ बाहर जाने और मस्ती करने का प्लान है. मेरे फैन्स भी मेरे सबसे जिगरी दोस्त हैं और मैं उन्हें ‘हैप्पी फ्रेंडशिप डे’ विश करता हूं.

अंगद हसीजा : मैं रिश्तेदारों की तुलना में दोस्ती पर अधिक विश्वास करता हूं. जब मैं अपने परिवार को मुंबई में अकेला था, तब दोस्तों ने ही परिवार की तरह सपोर्ट दिया. मेरे रिश्तेदार कभी भी मेरे संपर्क में नहीं रहे. मेरे सबसे अच्छे दोस्तों में निश्चित रूप से सारा खान और किंशुक महाजन हैं. हम रोज बातें करते हैं. मैंने किंशुक से बहुत-सी चीजें सीखी हैं. वे मुझे मेरी गलतियां बताते हैं, मेरी खूबियों के साथ. ऐसे अच्छे दोस्त जिनकी भी जिंदगी में हैं, वे बहुत लकी हैं.

रोहिताश्व गौर: मेरे सबसे अच्छे दोस्त अनूप उपाध्याय हैं. उन्हें दिल्ली से जानता हूं. तब वह हबीर तनवीर साहब के थिएटर ग्रुप में काम करते थे. मुंबई में उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला. वह बेहत अच्छे अभिनेता व बहुत हंस मुख इंसान हैं, जमीन से जुड़े हुए. उनका व्यक्तित्व चार्ली चैपलिन जैसा है. उन्होंने चार्ली पर एक विज्ञापन भी किया था. वह एक महान थिएटर कलाकार हैं. जीवन में 1-2 सच्चे मित्र बहुत महत्वपूर्ण हैं. इस मित्रता दिवस पर मेरे प्यारे दोस्त अनूप उपाध्याय को मेरी शुभकामनाएं!

हिबा नवाब: दोस्ती और परिवार मेरे लिए पूरी दुनिया है. मुझे ऐसा लगता है कि फ्रेंडशिप पवित्र रिश्ता है, जबकि यह खून का रिश्‍ता नहीं होता. ये लोग पता नहीं कहां से आपकी जिंदगी में आते हैं और आपको उनसे जुड़ाव महसूस होने लगता है. फिर आप करीबी दोस्त बन जाते हैं. फ्रेंडशिप डे पर मैं आमतौर पर अपने दोस्‍तों के साथ बाहर घूमने-फिरने जाती हूं और बेहतरीन वक्त बिताती हूं. हर साल हम कुछ अलग प्लान बनाते हैं, जैसे गेमिंग ज़ोन में जाने का, डिनर या फिर फिल्म देखने का. इस साल भी मैंने ऐसा ही कुछ सोचा है. मैं अपने सभी फैन्‍स को यह मैसेज देना चाहती हूं कि किसी बेवकूफी भरे कारण या लड़ाई की वजह से दोस्तों को जाने न दो. आप दोस्ती में जितना देते हैं, उससे डबल आप पाते हैं.

टीना दत्ता: मेरी दो सबसे अच्छी दोस्त हैं- एक है मोनिषा दास और दूसरी अनेरी देसाई. मैं उन्हें सालों से जानती हूं और यह बहुत ही अजीब और मजेदार है कि मैं उनसे कैसे मिली. हम कॉमन फ्रेंड्स के माध्यम से मिले थे, जो अब हमारे साथ संपर्क में नहीं है. लेकिन अब हम सबसे अच्छे दोस्त हैं. मैं अपने एक दोस्त के घर न्यू इयर पार्टी के लिए गयी थी. वहीं मेरी मुलाकात अनेरी से हुई थी. अगले दिन हम घूमने जाने वाले थे. मेरे फ्रेंड ने मुझे कहा कि अनेरी मेरी रूममेट होगी. मैं शुरू में तैयार नहीं थी, लेकिन हमारे कॉमन फ्रेंड विकास ने मुझे बताया कि अनेरी बहुत ही अच्छी लड़की है. मुझे लगा कि मुझे भरोसा करना चाहिए, तभी से हम सबसे अच्छे दोस्त बन गये. मोनिषा से भी कॉमन फ्रेंड के जरिये मिली थी. मेरे घर पर पार्टी थी, जिसमें वह आयी थी. उस पार्टी के बाद हमने पूरी रात बातें की और तब से हम सबसे अच्छे दोस्त बन गये.

शुभावी चौकसे: मेरे 4-5 अच्छे दोस्त हैं, जो मेरे साथ कई सालों से हैं. एक मेरी स्कूल की दोस्त मिथिला है, जो मेरी सब कुछ है. वह सिंगापुर चली गयी है. दूसरी सुषमा है. मैं उससे तब मिली थी जब 17 साल की थी. हम सभी उसे मुनान्दी बुलाते हैं. वह मुझसे उम्र में कम से कम 10 साल बड़ी है, लेकिन दिखने में छोटी लगती है. वह मेरी मां, मेरी बहन और मेरी सबसे अच्छी दोस्त की तरह है. अगला नाम ज़ुज़र का है. मैं उससे तब मिली थी जब मैं 18 साल की थी. वह मेरे पति के सबसे अच्छे दोस्तों में है. पिछले 17 वर्षों से हमारे पारिवारिक सदस्य की तरह हैं. मैं 23 साल की उम्र में आद्या से मिली और वह अब भी मेरी सबसे अच्छी दोस्त है. मेरे पति से भी मेरा रिश्ता दोस्त के तौर पर ही शुरू हुआ था. मेरी स्टाइलिस्ट रीमा शाह भी एक दोस्त के रूप में बहुत अहमियत रखती हैं. जब इतने अच्छे दोस्त जिंदगी में हों, तो जिंदगी और भी खूबसूरत बन जाती है.

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