CPIM Manifesto: मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने UAPA, PMLA और CAA हटाने का किया वादा

CPIM Manifesto: मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने गुरुवार को लोकसभा चुनाव 2024 के लिए घोषणापत्र जारी किया. जिसमें गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (UAPA) और धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) जैसे सभी कठोर कानूनों को निरस्त करने का वादा किया गया है.

CPIM Manifesto: लोकसभा चुनाव के लिए सीपीएम के नेता बृंदा करात, सीताराम येचुरी और प्रकाश करात ने पार्टी का घोषणा पत्र जारी किया. माकपा ने मतदाताओं से भाजपा को हराने, वामपंथ को मजबूत करने और केंद्र में वैकल्पिक धर्मनिरपेक्ष सरकार का गठन सुनिश्चित करने की अपील की. अपने घोषणापत्र में पार्टी ने इस सिद्धांत के लिए मजबूती से लड़ाई लड़ने का वादा किया है कि धर्म राजनीति से अलग है. घोषणापत्र में कहा गया है, माकपा यूएपीए ओर पीएमएलए जैसे सभी कठोर कानूनों को खत्म करने के लिए अडिग है.

सीताराम येचुरी ने केंद्र में वैकल्पिक धर्मनिरपेक्ष सरकार बनाने का किया आह्वान

लोकसभा चुनाव 2024 के लिए सीपीआई (एम) के घोषणापत्र के जारी होने पर, पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी ने कहा, भारत के मतदाताओं से हमारी अपील है कि भारत का धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक गणराज्य आज अस्तित्व के खतरे का सामना कर रहा है और मुख्य हमारा कार्य संविधान के अनुसार भारतीय गणराज्य के चरित्र की रक्षा करना है, हम मतदाताओं से भाजपा और उसके सहयोगियों को हराने की अपील करते हैं. उन्होंने आगे कहा, संसद में सीपीआई और वाम दलों की सीटें बढ़ाएं और यह सुनिश्चित करें कि केंद्र में एक वैकल्पिक धर्मनिरपेक्ष सरकार बने.

नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने कहा कि वह घृणास्पद भाषण और अपराधों के खिलाफ एक कानून के लिए लड़ाई लड़ेगी, नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 को खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है.

मनरेगा के लिए बजटीय आवंटन दोगुना किया जाना चाहिए

माकपा ने देश के सबसे अमीर वर्ग पर कर लगाने और सामान्य संपत्ति कर और विरासत कर पर एक कानून लाने का वादा किया. वामपंथी पार्टी ने कहा कि मनरेगा के लिए बजटीय आवंटन दोगुना किया जाना चाहिए और शहरी रोजगार की गारंटी देने वाला एक नया कानून बनाया जाना चाहिए.

18वीं लोकसभा के लिए चुनाव 19 अप्रैल से शुरू

देश में 18वीं लोकसभा के लिए चुनाव 19 अप्रैल से शुरू होंगे. इसके बाद छह और चरणों में 26 अप्रैल, सात मई, 13 मई, 20 मई, 25 मई और एक जून को मतदान होगा. मतगणना चार जून को होगी.

Also Read: ‘कांग्रेस इतिहास बन चुकी उसका कोई भविष्य नहीं’, पार्टी से निकाले जाने पर जमकर बरसे संजय निरुपम

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >