NEET Score Vs Rank: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने NEET UG 2026 का रिजल्ट जारी कर दिया है. रिजल्ट देखने के बाद कई कैंडिडेट्स के मन में यह सवाल होता है कि NEET Score, AIR (All India Rank) और Rank में आखिर क्या डिफरेंस है. तीनों शब्द एक-दूसरे से जुड़े जरूर हैं, लेकिन इनका मतलब अलग-अलग होता है. मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन की काउंसलिंग के दौरान इन तीनों की अहम भूमिका होती है. अगर आप भी एडमिशन लेने वाले हैं तो आइए इससे पहले इन तीनों शब्द का मतलब जानते हैं.
NEET Score क्या होता है?
NEET Score यानी परीक्षा में हासिल किए रियल मार्क्स होते हैं. NEET UG परीक्षा टोटल 720 मार्क्स का होता है. सही और गलत आंसर के आधार पर जो फाइनल मार्क्स मिलते हैं, वही आपका स्कोर होता है. उदाहरण के लिए अगर किसी कैंडिडेट के 650/720 मार्क्स आए हैं, तो उसका NEET Score 650 होगा.
AIR (All India Rank) क्या है?
AIR (All India Rank) पूरे देश में आपकी मेरिट पोजीशन को दर्शाती है. यह बताती है कि भारत भर के सभी कैंडिडेट्स में आपकी रैंक क्या है. जैसे किसी उम्मीदवार की AIR 1000 है, तो इसका मतलब है कि पूरे देश में 999 उम्मीदवार उससे आगे हैं. AIR का निर्धारण उम्मीदवार के स्कोर और अन्य उम्मीदवारों के प्रदर्शन के आधार पर किया जाता है.
Rank क्या होती है?
Rank भी मेरिट का पैरामीटर है. लेकिन इसके अलग-अलग प्रकार हो सकते हैं. All India Rank (AIR)- पूरे देश में आपकी रैंक को दर्शाता है. Category Rank- आपकी आरक्षित श्रेणी (OBC, SC, ST, EWS आदि) के भीतर आपकी रैंक.
उदाहरण के लिए, किसी उम्मीदवार की AIR 5000 हो सकती है, लेकिन यदि वह OBC श्रेणी से है तो उसकी OBC Category Rank इससे काफी बेहतर हो सकती है.
टेबल से समझें स्कोर और रैंक में डिफरेंस
| पैरामीटर | मतलब |
| NEET Score | परीक्षा में प्राप्त वास्तविक अंक (720 में से) |
| AIR (All India Rank) / रैंक | पूरे भारत में आपकी मेरिट स्थिति यानी पूरे देश में आपकी कौन-सी रैंक है |
| Category Rank | आपकी श्रेणी (OBC, SC, ST, EWS आदि) के भीतर आपकी रैंक |
काउंसलिंग के लिहाज से क्या जरूरी है मार्क्स या रैंक?
MBBS, BDS और अन्य मेडिकल कोर्सों में एडमिशन के लिए काउंसलिंग के दौरान AIR और Category Rank सबसे महत्वपूर्ण होती हैं. हालांकि, AIR का निर्धारण आपके NEET Score के आधार पर ही किया जाता है. इसलिए बेहतर स्कोर मिलने पर बेहतर AIR और अच्छे मेडिकल कॉलेज में सीट मिलने की संभावना बढ़ जाती है.
यह भी पढ़ें- सरकारी MBBS कॉलेज में एडमिशन के लिए कितने नंबर चाहिए? यहां देखें कैटेगरी वाइड स्कोर
