नगर परिषद के सहयोग शिविर में उमड़ीं जनसमस्याएं, 30 दिन में समाधान का दावा, पुराने आवेदनों पर उठे सवाल

सूर्यगढ़ा नगर परिषद ने जनसमस्याओं के समाधान के लिए सहयोग शिविर लगाया। मुख्य पार्षद ने 30 दिन में समाधान का दावा किया, लेकिन पिछले शिविर के आवेदनों पर कार्रवाई न होने से लोगों में असंतोष दिखा।

सूर्यगढ़ा (लखीसराय) से राजेश कुमार गुप्ता की रिपोर्ट

Public Camp: सूर्यगढ़ा नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या 13 से 17 के नागरिकों की समस्याओं के समाधान के लिए मंगलवार को प्लस टू पब्लिक हाई स्कूल परिसर में सहयोग शिविर आयोजित किया गया. शिविर का उद्घाटन मुख्य पार्षद रूपम देवी, उप मुख्य पार्षद बालेश्वर सिंह, जदयू प्रखंड अध्यक्ष कुमोद कुमार, सशक्त स्थायी समिति के सदस्य अमृत भाई पटेल, वार्ड पार्षद अभिषेक आनंद और नगर प्रबंधक लालसा प्रिया ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया. शिविर में विभिन्न विभागों से जुड़ी शिकायतें और आवेदन प्राप्त किए गए.

आवास, पेंशन, नल-जल और सड़क जैसी समस्याओं पर आवेदन

शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना, शौचालय निर्माण, नल-जल योजना, सड़क एवं नाला निर्माण, स्ट्रीट लाइट, हाईमास्ट लाइट, जन्म प्रमाण पत्र, जलजमाव, भूमि अतिक्रमण, शिक्षा, वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांग पेंशन सहित कई योजनाओं से संबंधित आवेदन लिए गए. नागरिकों की सुविधा के लिए अलग-अलग वार्डों के लिए अलग काउंटर और हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई. विद्युत विभाग तथा प्रधानमंत्री सूर्यघर बिजली योजना से जुड़े आवेदन भी स्वीकार किए गए.

30 दिन में समाधान का भरोसा

मुख्य पार्षद रूपम देवी और उप मुख्य पार्षद बालेश्वर सिंह ने कहा कि शिविर में प्राप्त शिकायतों के निष्पादन के लिए 30 दिनों की समय-सीमा तय की गई है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि निर्धारित अवधि में शिकायतों का समाधान सुनिश्चित किया जाएगा. यदि तय समय में कार्रवाई नहीं होती है तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई का भी प्रावधान है.

पुराने शिविर के आवेदनों पर उठे सवाल

Public Camp: शिविर के दौरान सशक्त स्थायी समिति के सदस्य और वार्ड पार्षद अमृत भाई पटेल ने आरोप लगाया कि 16 जून 2026 को आयोजित पिछले सहयोग शिविर में लगभग 150 आवेदन प्राप्त हुए थे, लेकिन अब तक उन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई. उनका दावा है कि कई आवेदनों की ऑनलाइन प्रविष्टि तक नहीं की गई है, जिससे लोगों में असंतोष बढ़ रहा है.

प्रचार की कमी से रही कम भागीदारी

स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों का कहना है कि शिविर का पर्याप्त प्रचार-प्रसार नहीं होने के कारण अपेक्षित संख्या में लोग नहीं पहुंच सके. कई नागरिकों ने यह भी कहा कि पूर्व में दिए गए आवेदनों पर कार्रवाई नहीं होने से लोगों का भरोसा प्रभावित हुआ है. नगर परिषद प्रशासन ने सभी शिकायतों के शीघ्र निष्पादन का आश्वासन दिया.

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Published by: Pintu Pranav

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