मुंबई: लगातार कई दिनों की तेजी के बाद शेयर बाजार में बड़ी गिरावट आयी है. मंगलवार को शेयर बाजार का सूचकांक 900 अंक गिरकर 59,178 पर बंद हुआ. अमेरिका में 10 ईयर बांड यील्ड में वृद्धि की वजह से भारत के शेयर बाजार में यह गिरावट दर्ज की गयी. भारत जैसे विकासशील देशों के लिए यह बढ़िया संकेत नहीं है.
शेयर बाजार में गिरावट की दूसरी वजह भी है. इंटरनेशनल मार्केट में ब्रेंट क्रूड मंगलवार को करीब 1 फीसदी बढ़कर 80 डॉलर हो गया. अगर अमेरिका में बांड यील्ड में वृद्धि जारी रही, तो भारत पर इसका विपरीत असर पड़ेगा. ऐसे में आने वाले दिनों में बाजार में और गिरावट की उम्मीद जतायी जा रही है.
आईटी सेगमेंट में प्रॉफिट बुकिंग देखी जा रही है. आईटी शेयरों ने इस वर्ष करीब 82 फीसदी का रिटर्न दिया है. चीनी रियल इस्टेट कंपनी एवरग्रांड से जुड़े घटनाक्रमों पर भी निवेशकों की नजर है. आशंका जतायी जा रही है कि चीन में ऊर्जा संकट की वजह से रियल इस्टेट कंपनियों को नुकसान हो सकता है. ऐसे में उसके शेयरों में गिराटव दर्ज की जा सकती है. बता दें कि गोल्डमैन सैक्स ने चीन का हाल ही में ग्रोथ रेट अनुमान घटा दिया था.
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त्योहारों की शुरुआत से पहले शेयर बाजार में आयी इस भारी गिरावट को विशेषज्ञ अच्छा संकेत मान रहे हैं. हाल के दिनों में बाजार में काफी तेजी देखी गयी. इसके बाद बाजार में करेक्शन जरूरी था. विशेषज्ञ कह रहे हैं कि यह प्रॉफिट बुकिंग के लिए सही समय है.
Posted By: Mithilesh Jha
