नयी दिल्ली: दूरसंचार नियामक ट्राई ने इंटरनेट के लिये अलग-अलग कीमत व्यवस्था को लेकर अपने दस्तावेज पर टिप्पणी देने की समय सीमा आज एक सप्ताह बढाकर सात जनवरी कर दी. ट्राई के चेयरमैन आर एस शर्मा ने कहा, ‘‘हमने दूरसंचार उद्योग निकायों से टिप्पणी प्राप्त करने की समयसीमा सात जनवरी तक बढा दी है.” दस्तावेज पर टिप्पणी के लिये समयसीमा आज समाप्त हो रही थी.
TRAI ने नेट निरपेक्षता मुद्दे पर टिप्पणी के लिये समय सीमा बढ़ायी
नयी दिल्ली: दूरसंचार नियामक ट्राई ने इंटरनेट के लिये अलग-अलग कीमत व्यवस्था को लेकर अपने दस्तावेज पर टिप्पणी देने की समय सीमा आज एक सप्ताह बढाकर सात जनवरी कर दी. ट्राई के चेयरमैन आर एस शर्मा ने कहा, ‘‘हमने दूरसंचार उद्योग निकायों से टिप्पणी प्राप्त करने की समयसीमा सात जनवरी तक बढा दी है.” दस्तावेज […]

भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने जवाबी टिप्पणी के लिये समयसीमा 14 जनवरी तक के लिये बढ़ा दी. पहले यह समयसीमा सात जनवरी थी.ट्राई ने एक बयान में कहा, ‘‘संबद्ध पक्षों के अनुरोध पर लिखित में टिप्पणी : विचार देने के लिये समयसीमा सात जनवरी तथा जवाबी प्रतिक्रिया अगर कोई हो तो, के लिये 14 जनवरी कर दी है.
यह भी निर्णय किया गया है कि टिप्पणी या जवाबी टिप्पणी के लिये समयसीमा बढाये जाने के किसी भी अनुरोध पर अब विचार नहीं किया जाएगा.” हालांकि, ट्राई के दस्तावेज में नेट निरपेक्षता शब्द का उपयोग नहीं किया गया है, लेकिन ‘जीरो रेटिंग प्लेटफार्म’ के बारे में विस्तार से उल्लेख किया गया है जो देश भर में बहस का प्रमुख मुद्दा बना हुआ है.ट्राई को अब तक 16.5 लाख टिप्पणियां मिली हैं जो किसी भी दस्तावेज के लिये मिली प्रतिक्रिया से कहीं ज्यादा है.