इस तपती दोपहरी में घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है फिर चाहे आप कार ड्राइव ही क्यों न कर रहे हों. इस झुलसाती धूप में कार ड्राइव करके कहीं जाना सोचने में आसान लगता है, पर सच तो ये है कि इस तेज गर्मी में ड्राइविंग करना और भी चुनौतीपूर्ण बन जाता है. क्योंकि, गर्मी के दौरान कार का केबिन तेजी से तपने लगता है, इंजन पर ज्यादा दबाव पड़ता है और टायर के फैलेने का खतरा भी बढ़ जाता है. ऐसे में न सिर्फ आपकी सुरक्षा, बल्कि आपकी कार की परफॉर्मेंस पर भी असर पड़ता है. ऐसे में अगर आप इस गर्मी में ड्राइव कर रहे हैं, तो कुछ आसान लेकिन जरूरी बातों का ध्यान रखकर आप खुद को और अपनी कार को सुरक्षित रख सकते हैं.
क्यों खतरनाक है हीटवेव में ड्राइविंग?
तेज धूप का सीधा असर कार के अहम हिस्सों पर पड़ता है, जिससे इंजन ज्यादा मेहनत करता है, एसी पर लोड बढ़ जाता है और टायर के अंदर हवा फैलने लगती है. ध्यान देने वाली बात तो यह है, कि पार्क की गई कार के अंदर तापमान कुछ ही मिनटों में बेहद खतरनाक लेवल तक पहुंच सकता है. इसलिए हीटवेव को हल्के में लेना बड़ी गलती हो सकती है.
इन आसान टिप्स से रहें सुरक्षित
समझदारी से करें पार्किंग: जहां तक संभव हो, अपनी कार को छांव या कवर पार्किंग में खड़ा करें. सीधे धूप में पार्क करने से केबिन का तापमान तेजी से बढ़ता है और कार के इंटीरियर को भी नुकसान होता है. विंडशील्ड सनशेड का इस्तेमाल करना फायदेमंद रहेगा.
AC चालू करने से पहले करें वेंटिलेशन: कार स्टार्ट करने के बाद तुरंत एसी ऑन करने के बजाय कुछ सेकंड के लिए खिड़कियां खोल दें. इससे अंदर की गर्म हवा बाहर निकल जाएगी और एसी को कम मेहनत करनी पड़ेगी.
AC का सही इस्तेमाल करें: एकदम से एसी को सबसे ठंडे मोड पर सेट करना सही नहीं है. इससे फ्यूल ज्यादा खर्च होता है और सिस्टम पर दबाव बढ़ता है. धीरे-धीरे कूलिंग करना ज्यादा बेहतर और सुरक्षित तरीका है.
इंजन के तापमान पर रखें नजर: हीटवेव में ओवरहीटिंग का खतरा ज्यादा रहता है. इसलिए कूलेंट का लेवल चेक करें और तापमान गेज पर नजर रखें. अगर तापमान नॉर्मल न लगे, तो तुरंत सुरक्षित जगह पर गाड़ी रोककर इंजन को ठंडा होने दें.
टायर प्रेशर रेगुलर चेक करें: गर्मी में टायर के अंदर की हवा फैलती है, जिससे ओवर-इन्फ्लेशन का खतरा बढ़ जाता है. इससे टायर फटने (ब्लोआउट) की संभावना भी बढ़ जाती है, खासकर हाईवे पर. इसलिए रेगुलर टायर प्रेशर चेक करें.
हमेशा पानी साथ रखें: ड्राइविंग के दौरान डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ जाता है. खासकर लंबी यात्रा या ट्रैफिक जाम में फंसने पर शरीर जल्दी थक सकता है. इसलिए कार में हमेशा पीने का पानी जरूर रखें.
बच्चों या पालतू जानवरों को कार में न छोड़ें: गर्मी में बंद कार कुछ ही मिनटों में ओवन जैसी बन जाती है. ऐसे में बच्चों या पालतू जानवरों को अंदर छोड़ना जानलेवा हो सकता है, भले ही खिड़कियां थोड़ी खुली हों.
कार के इंटीरियर को बचाएं: लेदर सीट, डैशबोर्ड और स्क्रीन तेज धूप में बहुत गर्म हो जाते हैं. सीट कवर, स्टीयरिंग कवर और सनशेड का इस्तेमाल करके आप इनको सुरक्षित रख सकते हैं.
चेतावनी संकेतों को नजरअंदाज न करें: अगर कार से अजीब आवाज या गंध आए, या कोई वार्निंग लाइट दिखे, तो उसे नजरअंदाज न करें. गर्मी में छोटी समस्या भी बड़ी बन सकती है.
सही समय पर करें लंबी यात्रा: सुबह जल्दी या शाम के समय यात्रा करना ज्यादा सुरक्षित रहता है. दोपहर में गर्मी अपने चरम पर होती है, जिससे ड्राइविंग ज्यादा जोखिम भरी हो जाती है.
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