अमेरिका में हिंदू सुरक्षित नहीं! इस बार कैलिफोर्निया के शेरावाली मंदिर को खालिस्तानियों ने बनाया निशाना

हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन (HAF) की ओर से मंदिर में हुई तोड़फोड़ के बारे में जानकारी दी गई है. जानें अमेरिका के कैलिफोर्निया में खलिस्तानी समर्थकों की हरकत के बारे में

अमेरिका के कैलिफोर्निया से एक बड़ी खबर सामने आ रही है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार यहां फिर एक मंदिर में तोड़फोड़ की घटना सामने आई है. खबरों की मानें तो कैलिफर्निया के हेवर्ड में एक हिंदू मंदिर को खालिस्तानी समर्थकों ने निशाना बनाया है. खालिस्तानी समर्थकों ने विजय के शेरावाली मंदिर के बाहर भारत विरोधी नारे लिखे. आपको बता दें कि खालिस्तानियों की यह हरकत कैलिफोर्निया में ही स्वामीनारायण मंदिर में हुई तोड़फोड़ की घटना के दो सप्ताह बाद हुई है जिसकी भारत में निंदा की जा रही है. कुछ दिन पहले उसी क्षेत्र में शिव दुर्गा मंदिर में चोरी भी हुई थी.

Also Read: कनाडा में हिंदू सुरक्षित नहीं? लक्ष्मी नारायण मंदिर के प्रमुख के घर पर फायरिंग

हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन (HAF) की ओर से मंदिर में हुई तोड़फोड़ के बारे में जानकारी दी गई है. HAF ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर लिखा कि वे मंदिर के नेताओं के साथ-साथ अल्मेडा पुलिस विभाग के साथ-साथ न्याय विभाग के नागरिक अधिकार प्रभाग के संपर्क में हैं. आज जो शेरावाली मंदिर के बाहर हमले किये गये उसकी तस्वीर सामने आई है. इस तस्वीर में मंदिर की दीवार पर भारत और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नफरत भरे नारे लिखे दिख रहे हैं.

खालिस्तानी समर्थक नारों के साथ एक हिंदू मंदिर को क्षतिग्रस्त कर दिया

यहां चर्चा कर दें कि पिछले साल 23 दिसंबर को कैलिफोर्निया के नेवार्क शहर में खालिस्तानी समर्थकों ने स्लोगन लिखने के साथ एक हिंदू मंदिर को क्षतिग्रस्त कर दिया था. तस्वीरें हिंदू अमेरिकन फाउंडेशन द्वारा एक्स पर साझा की गईं थीं, जिनमें स्वामीनारायण मंदिर वासना संस्था की दीवारों पर नारे लिखे हुए नजर आए थे.

Also Read: ‘खालिस्तानी जितना चाह ले, नहीं बिगड़ेंगे भारत-अमेरिका के संबंध’- पीएम मोदी

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने क्या कहा

पिछली बार जब मंदिर पर हमला किया गया था तो, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने घटना का जिक्र किया था और दोहराया था कि चरमपंथियों और अलगाववादियों को जगह नहीं दी जानी चाहिए. जयशंकर ने मीडिया से बात करते हुए कहा था कि मुझे घटना के बारे में जानकारी मिली है. चरमपंथियों और अलगाववादियों को जगह नहीं दी जानी चाहिए. वहां हमारे वाणिज्य दूतावास ने सरकार और पुलिस से शिकायत की और जांच चल रही है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >