ढाका : बांग्लादेश की एक अदालत ने देश के इतिहास में हथियारों की सबसे बड़ी बरामदगी के दस साल से अधिक पुराने मामले में आज जमात ए इस्लामी के प्रमुख और भारत के अलगाववादी संगठन उल्फा के शीर्ष नेता समेत 14 लोगों को मौत की सजा सुनायी.
न्यायाधीश एस एम मुजीबुर रहमान द्वारा कड़ी सुरक्षा के बीच खचाखच भरी अदालत में फैसला सुनाया जिसके बाद निजी समय टीवी चैनल ने अपनी रिपोर्ट में कहा, ‘‘ मेट्रोपोलिटन विशेष पंचाट ने 14 को सुनायी मौत की सजा.’’ उल्फा की सैन्य शाखा के प्रमुख परेश बरुआ को हथियारों से भरे दस ट्रकों की बरामदगी के मामले में उसकी गैर हाजिरी में मौत की सजा दी गयी.
जमात ए इस्लामी प्रमुख और पूर्व मंत्री मतिउर रहमान निजामी तथा तत्कालीन बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी : बीएनपी : की अगुवाई वाली दक्षिणपंथी सरकार में उप गृह मंत्री लुत्फुज्जमान बाबर को भी मौत की सजा दी गयी.केवल दो दोषियों , बरुआ और पूर्व अतिरिक्त सचिव नुरुल अमीन पर उनकी गैर हाजिरी में मुकदमा चला.
