इस्लामाबाद: ओसामा बिन लादेन जैसे लोग कभी नहीं मरते, बल्कि लोगों के दिलों में जिंदा रहते हैं और ‘संघर्ष का प्रतीक’ बन जाते हैं. यह कहना पाकिस्तान के जमात-ए-इस्लामी प्रमुख मुनव्वर हसन का है. अफगानिस्तान पर आयोजित एक संगोष्ठि में हसन ने कहा कि अलकायदा सरगना ओसामा बिन लादेन लोगों के दिलों में रहते हैं ऐसे लोग कभी मरते नहीं. उन्होंने कहा कि अमेरिका अफगानिस्तान से निकलने को लेकर परेशान है, क्योंकि उसे डर है कि ओसामा ‘जिंदा वापस लौट सकता है.’
अमेरिका के विशेष सुरक्षा दस्ते सील ने मई, 2011 में ओसामा को पाकिस्तान के ऐबटाबाद में मार गिराया था. यह कोई पहला मौका नहीं है जब हसन ने विवादास्पद बयान दिया है. उन्होंने पिछले साल नवंबर में सैन्य कार्रवाई में मारे गए तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान सरगना हकीमुल्ला महसूद को शहीद करार दिया था. इसको लेकर उनकी चौतरफा आलोचना हुई थी.
