न्यूयार्क : वरिष्ठ भारतीय राजनयिक देवयानी खोबरागडे की गिरफ्तारी और उनके साथ बर्ताव पर जारी आक्रोश से अप्रभावित भारतीय मूल के अमेरिकी अभियोजक प्रीत भराड़ा ने राजनयिक के खिलाफ कार्रवाई का आज बचाव किया और पुष्टि की कि देवयानी की नौकरानी के परिवार को भारत से ‘‘निकाल कर’’ अमेरिका लाया गया था.
भराड़ा ने यह स्वीकार किया कि देवयानी की नौकरानी संगीता रिचर्ड के परिवार को अमेरिका लाया गया. उन्होंने कहा कि भारत में ‘‘उसे चुप कराने’’ के लिए एक कानूनी प्रक्रिया शुरु की गई थी और ‘‘उसे भारत लौटने पर मजबूर करने के प्रयास किए जा रहे थे.’’
भारतीय विदेश सेवा की 1999 बैच की अधिकारी देवयानी न्यूयार्क में भारत की वाणिज्य उप महादूत हैं. उन्हें अमेरिकी विदेश मंत्रलय के ‘डिप्लामैटिक सिक्युरिटी ब्यूरो’ ने गिरफ्तार किया और फिर उन्हें ‘यूएस मार्शल्स सर्विस’ को सौंपा.
अपनी शिकायत में संगीता ने देवयानी पर कम वेतन देने और दिन में 19 घंटे काम करने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया.देवयानी को उस वक्त हिरासत में लिया गया जब वह अपी बेटी को स्कूल छोड़ने गई थी. अदालत में जब उन्होंने खुद को निर्दोष कहा तो उन्हें 2,50,000 डॉलर के बांड पर रिहा किया गया.
