काहिरा : मिस्र के अपदस्थ राष्ट्रपति मोहम्मद मुर्सी को हिंसा भड़काने और इसे अंजाम देने के आरोप में मुकदमे का सामना करना पड़ेगा.हालांकि, मुकदमे की तारीख के बारे में नहीं बताया गया है.सरकारी टेलीविजन की खबरों के मुताबिक सरकारी वकील हेशाम बराकात ने 62 वर्षीय मुर्सी और मुस्लिम ब्रदरहुड के 14 अन्य सदस्यों पर दिसंबर 2012 में हिंसक कार्रवाई को अंजाम देने और हत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया है.
दिसंबर में राष्ट्रपति कार्यालय के ठीक बाहर ब्रदरहुड समर्थकों और विरोधियों के बीच हिंसक झड़प हुयी थी.मिस्र में लोकतांत्रिक तरीके से निर्वाचित प्रथम नेता मुर्सी के खिलाफ व्यापक विरोध प्रदर्शन के बाद सेना ने 3 जुलाई को उन्हें पद से हटा दिया था.मुर्सी को हत्या और जासूसी के आरोप में एक अज्ञात स्थान पर रखा गया है.
