वाशिंगटन : चीन ने कहा है कि उसके तिब्बती और उग्यूर अल्पसंख्यकों पूरे आनंद के साथ जीवन बिता रहे हैं और उन्हें ‘अभूतपूर्व ’ आजादी है जबकि उसने अमेरिकी आलोचना पर जवाबी हमला बोलते हुये वाशिंगटन से अनुरोध किया कि वह स्वयं अपने रिकार्ड की जांच करे. अमेरिका और चीन के बीच दो दिवसीय बातचीत की समाप्ति पर स्टेट काउंसलर यांग जिआची ने संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘चीन ने मानवाधिकार के मामले में महत्वपूर्ण प्रगति की है.
शिनजियांग और तिब्बत समेत चीन के विभिन्न क्षेत्रों में लोग खुशी के साथ जीवन बिता रहे हैं और उन्हें अभूतपूर्व आजादी मिली हुई है.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम आशा करते हैं कि अमेरिका स्वयं आपसी सम्मान के आधार पर अपने मानवाधिकार स्थिति को सुधारेगा और एक दूसरे के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप नहीं करेगा.’’अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने अपने वार्षिक मानवाधिकार रिपोर्ट में कहा था कि तिब्बती इलाके और शिनजियांग में स्थिति खराब हुई है.
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2009 से 110 से अधिक तिब्बतियों ने (उनके मुताबिक) चीन के दमनकारी शासन के खिलाफ आत्मदाह कर लिया है. विदेशी समूहों का कहना है कि चीनी सैनिकों ने शनिवार को तिब्बतियों पर गोली चलाई जो अपने निर्वासित आध्यात्मिक नेता दलाई लामा का जन्मदिन मना रहे थे.
