रामगढ़ के कुजू की तीन पंचायतों में पानी की समस्या से भड़के ग्रामीण, जलमीनार के मेन गेट में जड़ा ताला

रामगढ़ जिला अंतर्गत कुजू की तीन पंचायत में पेयजलापूर्ति की समस्या से नाराज ग्रामीणों ने जलमीनार के मेन गेट पर ताला जड़ दिया. करीब तीन घंटे तक कर्मचारी अंदर ही कैद रहे. इस दौरान नियमित पेयजलापूर्ति के आश्वासन के बाद मेन गेट को खोला गया.

Jharkhand News: DMFT फंड योजना से रामगढ़ जिला अंतर्गत कुजू क्षेत्र के शिवपुरी कॉलोनी में करोड़ों रुपये से बनाये गये जलमीनार से नियमित रूप से जलापूर्ति नहीं होने से नाराज तीन पंचायत के जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीणों ने जलमीनार के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दिया. जिसके कारण कार्यरत कर्मचारी घंटों अंदर ही रहे. इस बीच जनप्रतिनिधियों व ग्रामीणों ने ठेकेदार व संबंधित विभाग के खिलाफ खूब नारेबाजी की.

क्या है मामला

बताया जाता है कि हर घर नल जल योजना के तहत शिवपुरी कॉलोनी में डीएमएफटी फंड से करीब 22 करोड़ रुपये की लागत से जलमीनार का निर्माण किया गया था. जिससे कुजू क्षेत्र की तीन पंचायत कुजू पूर्वी, कुजू पश्चिमी एवं कुजू दक्षिणी के हजारों घरों में पाइपलाइन से कनेक्शन किया गया है, लेकिन अब यह कनेक्शन बिल्कुल बेकार पड़ गया है. जलमीनार से महीने में दो-चार बार ही पानी दिया जाता है. वहीं, कभी-कभी तो गंदा पानी का सप्लाई कर दिया जाता है. पानी आपूर्ति को लेकर जब भी ठेकेदार या क्षेत्र के जूनियर इंजीनियर विमलेंदु प्रसाद से शिकायत की जाती है, तो हर बार कोई न कोई बहाना बनाकर टाल दिया जाता था. इससे नाराज होकर तीनों पंचायत के ग्रामीण गुरुवार को जलमीनार के पास पहुंचे और कर्मियों को अंदर बंद करते हुए मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दिया.

तीन घंटे बाद मेन गेट का खुला ताला

इस संबंध में ठेकेदार के प्रतिनिधि धनंजय कुमार सिंह से पूछने पर उन्होंने फिर से आश्वासन दिया. साथ ही जूनियर इंजीनियर बिमलेंदु प्रसाद को इस संबंध में मोबाइल द्वारा जानकारी लेने पर उन्होंने अनभिज्ञता जाहिर की. इधर, करीब तीन घंटे के बाद अधिकारियों के प्रतिनिधि मनीष कुमार द्वारा आश्वासन दिए जाने के बाद मेन गेट का ताला खोला गया.

Also Read: इनोवेटिव टीचिंग के लिए जमशेदपुर की शिप्रा मिश्रा को मिलेगा राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार, इनके बारे में जानें

जिला प्रशासन जल्द इस समस्या से दे निजात

इस संबंध में कुजू पूर्वी की मुखिया ललिता देवी ने बताया कि सरकार ने जिस उद्देश्य से इस जलमीनार का निर्माण करायी है उससे ग्रामीणों को लाभ नहीं मिल रहा है. जिला प्रशासन को इस पर कार्रवाई करते हुए ग्रामीणों को पेयजलापूर्ति का लाभ दिलाना चाहिए.

पेयजलापूर्ति की समस्या की आती है बराबर शिकायत

वहीं, कुजू पश्चिमी के मुखिया जय कुमार ओझा उर्फ बूच बाबा ने कहा कि जलमीनार से नियमित पेयजलापूर्ति नहीं होने की शिकायत बराबर ग्रामीणों की ओर से आती है. ठेकेदार द्वारा बात किये जाने पर एक-दो दिन आपूर्ति करने के बाद दोबारा बंद कर दिया जाता है. जिससे यहां के जनता को काफी परेशानी होती है.

जल्द नहीं हुआ समाधान, तो होगा उग्र आंदोलन

दूसरी ओर, दक्षिणी मुखिया राकेश मेहता रॉक ने कहा कि जिस तरह से जलमीनार का पेयजलापूर्ति की जाती है वह बिल्कुल ठीक नहीं है. ग्रामीणों को उम्मीद होती है जलमीनार के बन जाने से अब उनको पानी की समस्या से निजात मिल जायेगा. लेकिन, जब से जलमीनार का निर्माण कराया गया है तब से ग्रामीणों को जलमीनार से पानी आपूर्ति सही ढंग से नहीं किया जाता है. अगर जल्द से ही समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो उग्र आंदोलन किया जायेगा.

Also Read: Jharkhand News: 6 दिनों की पुलिस रिमांड पर प्रेम प्रकाश, ED ने गुरुवार की सुबह किया गिरफ्तार

Posted By: Samir Ranjan.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >