जब बस कंडक्टर का बेटा बना नेशनल हीरो और अब पहुंचा सलाखों के पीछे, सुशील कुमार की अर्श से फर्श तक फिसलने की पूरी कहानी

Sushil Kumar Arrested: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ओलंपिक पदक विजेता सुशील कुमार हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया. उन्हें दिल्ली पुलिस ने देश की राजधानी से ही गिरफ्तार कर लिया है.

Sushil Kumar Arrested : 12 अगस्त 2012, ये वो तारीख है जब भारत के स्टार पहलवान सुशील कुमार ने लंदन ओलिंपिक्स में इतिहास रच दिया था. सुशील कुमार ने 66 किलोग्राम वर्ग में सिल्वर मेडल अपने नाम किया था और वो भारत के पहले एथलीट बन गए जिसने ओलिंपिक्स में दो मेडल जीते. बीजिंग ओलिंपिक्स में कांस्य पदक जीतने वाले सुशील कुमार ने लंदन में अपने मेडल का रंग बदला. इस जीत के बाद के भारत में न्यूज चैनलों से लेकर अखबरों तक उनका नाम हर जगह छाया हुआ था. देश में ऐसा कम ही होता है जब क्रिकेट के अलावा बाकि किसी खेल के खिलाड़ी को इतनी शोहरत मिले, सुशील कुमार गिनती के उन ही खिलाड़ियों में शामिल थें.


दिल्ली पुलिस ने किया गिरफ्तार 

आज दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने ओलंपिक पदक विजेता सुशील कुमार हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया. उन्हें दिल्ली पुलिस ने देश की राजधानी से ही गिरफ्तार कर लिया है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने सुशील के साथ उनके साथी अजय को भी गिरफ्तार किया. दो अलग-अलग ओलंपिक में पदक जीतकर देश का नाम रोशन करने वाले पहलवान सुशील कुमार आज की तारीख में “मोस्ट वांटेड” बन गए.

क्यों हुई गिरफ्तारी

दरअसल यह आरोप है कि सुशील कुमार और कुछ अन्य पहलवानों द्वारा 4 मई की रात को दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम परिसर में कथित रूप से की गयी मारपीट में सागर राणा की मौत हो गयी थी और सागर के दोस्त सोनू तथा अमित कुमार घायल हो गये थे. इस घटना के बाद सुशील कुमार फरार चल रहे थे. सुशील कुमार पर आरोप है कि उन्होंने द्वेष के चलते अपने जूनियर पहलवान सागर राणा की हत्या करवाई.

पुलिस ने घोषित किया था इनाम 

जमानती वारंट के बीच फरार चल रहे ओलिंपिक विजेता सुशील कुमार और उसके साथियों के खिलाफ पुलिस ने इनाम का ऐलान किया था. दिल्ली पुलिस ने कहा था कि छत्रसाल स्टेडियम में सागर राणा की हत्या को लेकर पहलवान सुशील कुमार की गिरफ्तारी से संबंधित सूचना देने पर एक लाख रुपये दिया जायेगा. इसके अलावा सुशील के साथ फरार चल रहे अजय पर भी पुलिस ने 50 हजार रुपये का इनाम रखा है. इससे पहले सुशील कुमार और उनके साथियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने लुकआउट नोटिस जारी किया था.

जब बस कंडक्टर का बेटा बना नेश्नल हीरो 

सुशील कुमार ने कुश्ती जैसे खेल को एक नई पहचान दी है. उनके पिता डीटीसी के बस कंडक्टर थें. सुशील ने सबसे पहले 1998 में पोलैंड में विश्व कैडेट खेलों के साथ सुखिर्यां बटोरी. उन्होंने वर्ष 2000 में एशियाई जूनियर कुश्ती चैम्पियनशिप भी जीती. साल 2011 में भारत सरकार ने पद्मश्री से नवाजा था वहीं, साल 2005 में अर्जुन अवार्ड और 2009 में राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया.

विवादों  से रहा है पुराना नाता 

बता दें कि सुशील कुमार का विवादों से पुराना नाता रहा है. इससे पहले उनपर जूनियर पहलवान नरसिंह यादव को साजिश करने और डोप टेस्ट में फंसाने का आरोप लगा था. मालूम हो कि नरसिंह यादव 2016 में हुए रियो ओलंपिक में भाग भी नहीं ले सके थे. वहीं साल 2017 में भी सुशील कुमार विवादों में आए थे। गोल्ड कोस्ट कॉमनवेल्‍थ गेम्स के ट्रायल के दौरान सुशील कुमार और रेसलर प्रवीण राणा के समर्थकों के बीच मारपीट हुई थी

Posted by : Rajat Kumar

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >