Coronavirus in Bengal: बंगाल में ‘कोरोना योद्धाओं’ को दिया जा रहा ऐसा भोजन, सबसे खराब हालत ग्रुप डी कर्मचारियों की

Coronavirus in Bengal: कॉलेज स्क्वायर स्थित कलकत्ता मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के आइसोलेशन वार्ड में ड्यूटी देनेवाले मेडिकल स्टाफ को खराब भोजन खिलाया जा रहा है.

कोलकाता : कॉलेज स्क्वायर स्थित कलकत्ता मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के आइसोलेशन वार्ड में ड्यूटी देनेवाले मेडिकल स्टाफ को खराब भोजन खिलाया जा रहा है. अस्पताल के सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक स्थित क्वारेंटाइन सेंटर में कार्य करनेवाले ग्रुप डी कर्मचारियों की ओर से यह आरोप लगाये गये हैं. आरोप है कि उन्हें सही समय पर भोजन नहीं दिया जा रहा है. सोमवार सुबह 9.30 बजे नाश्ता दिया गया था. नाश्ते में केवल चार पीस ब्रेड, जबकि दोपहर का भोजन दो बजे दिया गया, जिसे खा कर वे बीमार पड़ सकते हैं, लेकिन इसके बावजूद इसी भोजन को ग्रहण कर वह कोरोना के खिलाफ जंग लड़ रहे हैं.

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ज्ञात हो कि कोरोना के प्रकोप को देखते हुए विभिन्न सरकारी अस्पतालों के क्वारेंटाइन सेंटर में कार्य कर रहे हैं. स्वास्थ्यकर्मी सात दिन ड्यूटी और सात दिन छुट्टी दी जा रही है. इस बीच अस्वास्थ्यकर तरीके से इन स्वास्थ्यकर्मियों को भोजन परोसा जा रहा है. अस्पताल के एक किचनकर्मी ने बताया कि रविवार तक किचन से क्वांरेटाइन सेंटर के डॉक्टर, नर्स व अन्य स्वास्थ्यकर्मियों को भोजन दिया था. सुबह नास्ते में चाय, ब्रेड, दो अंडा, दो केला. दोपहर में चावल, दाल, सब्जी मछली या अंडा. रात में चावल, दाल, सब्जी, अंडा या चिकन. भोजन फ्वाइल बॉक्स में पैक कर उक्त स्वास्थ्यकर्मियों तक पहुंचाया जा रहा है. ज्ञात हो कि अस्पताल के इसी किचन में यहां भर्ती अन्य मरीजों के लिए खाना पकाया जाता है. किचन में अलग से स्वास्थ्यकर्मियों को खाना पाया जा रहा है.

ग्रुप डी के कर्मचारियों ने की भोजन की गुणवत्ता की शिकायत

इस बीच कुछ ग्रुप डी कर्मचारियों ने भोजन की गुणवत्ता व स्वाद को लेकर शिकायत की थी, जिसके कारण सोमवार सुबह से अस्पताल के एक अन्य कैंटीन से भोजन मंगवाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि यही से सुबह का नाश्ता व दोपहर का खाना मंगवाया जा रहा है, जबकि रात का भोजन किचन से भेजा जायेगा. किचन में करीब 52 कर्मचारी हैं, लेकिन लॉकडाउन के कारण अधिकतर कमर्चारी नहीं आ पा रहे हैं. इसलिए हमें भोजन तैयार करने में भी परेशानी हो रही है. अस्पताल के अन्य स्वास्थ्यकर्मी ने बताया कि पहले भोजन से अस्पताल के किचन पैक कर हम तक पहुंचाया जाता था. अब किसी तरह भोजन को अस्वास्थ्यकर तरीके से पॉलिथिन में पैक कर हम तक भेजा जा रहा है. समय पर खाना नहीं दिया जाता है. कई बात तो हमे घर से भोजन मंगवाना पड़ता है.

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पॉलिथिन पैक भोजन की जानकारी नहीं

भोजन को लेकर शिकायत मिली थी. इसके बाद ही एसएसकेएम के कैंटीन से भोजन मंगवाया जा रहा है, ताकि हमारे स्वास्थ्यकर्मियों को किसी तरह की परेशानी न हो. भोजन को पॉलिथिन में पैक कर भेजा जा रहा है इसकी सूचना मेरे पास नहीं है. सुबह में ब्रेड नहीं, सैंडविच दिया गया था.

प्रो. डॉ इंद्रनील विश्वास, अस्पताल अधीक्षक, कलकत्ता मेडिकल कॉलेज

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Published by: Amitabh kumar

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