YONO 2.0 के साथ GPay, PhonePe को टक्कर देगा SBI, अब बैंकिंग होगी और तेज, आसान और स्मार्ट

SBI का YONO 2.0 आसान KYC, मल्टी-लैंग्वेज सपोर्ट और ग्रीन बैंकिंग जैसे फीचर्स के साथ आया है. शुरू हुआ डिजिटल बैंकिंग का नया दौर

SBI YONO 2.0: डिजिटल बैंकिंग को नयी रफ्तार देने के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने YONO 2.0 पेश कर दिया है. देश के सबसे बड़े बैंक ने इस नये वर्जन को सिर्फ ऐप अपडेट नहीं, बल्कि पूरी डिजिटल बैंकिंग फिलॉसफी को बदलने वाला कदम बताया है.SBI का लक्ष्य है कि आने वाले समय में बैंकिंग पूरी तरह मोबाइल और डिजिटल प्लैटफॉर्म पर शिफ्ट हो, और YONO 2.0 इसी बदलाव की मजबूत शुरुआत माना जा रहा है.

1) SBI की डिजिटल जर्नी का नया अध्याय

SBI ने YONO 2.0 को लॉन्च करते हुए साफ कर दिया कि अब ग्राहक अनुभव को टेक्नोलॉजी के जरिए पूरी तरह बदलने का समय आ गया है. बैंक के मुताबिक, अभी 9.6 करोड़ लोग YONO का इस्तेमाल कर रहे हैं और आने वाले समय में इसे 20 करोड़यूजर्स तक पहुंचाने की तैयारी है. बैंक का मानना है कि भविष्य की बैंकिंग मोबाइल स्क्रीन पर ही तय होगी, इसलिए सिस्टम को अभी से मजबूत और तेज बनाया जा रहा है.

2) यूनिफाइड सिस्टम: हर प्लैटफॉर्म पर एक जैसा अनुभव

YONO 2.0 की सबसे बड़ी खासियत इसका यूनिफाइड बैकएंड सिस्टम है. इसका मतलब है कि चाहे ग्राहक मोबाइल ऐप इस्तेमाल करे या इंटरनेट बैंकिंग, दोनों जगह उसे एक जैसा इंटरफेस और एक जैसा अनुभव मिलेगा. इससे न सिर्फ स्पीड बढ़ेगी, बल्कि सर्विस की क्वाॅलिटी भी पहले से बेहतर होगी.SBI का दावा है कि यह बदलाव डिजिटल बैंकिंग को और आसान और भरोसेमंद बनाएगा.

3) डिजिटल ऑनबोर्डिंग से घटा खर्च, बढ़ी स्पीड

SBI ने बताया कि टेक्नोलॉजी की वजह से नया ग्राहक जोड़ने का खर्च अब ब्रांच की तुलना में दस गुना कम हो गया है. बैंक के चेयरमैन के अनुसार, आज SBI में 65% सेविंग अकाउंट डिजिटल तरीके से खुल रहे हैं. इसी वजह से 80–90% ब्रांचों में फुटफॉल पहले की तुलना में काफी कम हो गया है. डिजिटल कस्टमर एक्विजिशन ने बैंकिंग को तेज, सस्ता और ज्यादा सुविधाजनक बना दिया है.

4) आसान KYC और मल्टी-लैंग्वेज सपोर्ट

YONO 2.0 में Simplified KYC और Re-KYC की सुविधा दी गई है, जिससे ग्राहकों को बार-बार डॉक्यूमेंट जमा कराने की जरूरत नहीं पड़ेगी. यह फीचर खासतौर पर उन लोगों के लिए राहत लेकर आया है जो ब्रांच जाने से बचना चाहते हैं. इसके साथ ही SBI जल्द ही YONO को 15 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध कराने की तैयारी में है, ताकि भाषा किसी भी ग्राहक के लिए बाधा न बने.

5) ग्रीन बैंकिंग: अब बैंकिंग बताएगी आपका कार्बन फुटप्रिंट

YONO 2.0 में ग्रीन बैंकिंग को भी खास जगह दी गई है.ऐप में Carbon Footprint Tracking और Green Score जैसे फीचर्स जोड़े गए हैं, जिनकी मदद से ग्राहक यह जान पाएंगे कि उनकी बैंकिंग आदतें पर्यावरण पर कितना असर डाल रही हैं.SBI का कहना है कि डिजिटल बैंकिंग के साथ पर्यावरणीय जिम्मेदारी भी उतनी ही जरूरी है.

SBI YONO 2.0: FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

1. YONO 2.0 क्या है?

SBI का नया डिजिटल बैंकिंग प्लैटफॉर्म, जो तेज, आसान और यूनिफाइड अनुभव देता है.

2. क्या YONO 2.0 में KYC करना आसान है?

हां, SimplifiedKYC और Re-KYC की सुविधा से प्रक्रिया काफी आसान हो गई है.

3. क्या YONO 2.0 कई भाषाओं में उपलब्ध होगा?

SBI जल्द ही इसे 15 भारतीय भाषाओं में लॉन्च करने की तैयारी कर रहा है.

4. ग्रीन बैंकिंग फीचर क्या करता है?

यह आपकी बैंकिंग गतिविधियों का कार्बन फुटप्रिंट और ग्रीन स्कोर दिखाता है.

5. क्या YONO 2.0 से ब्रांच विजिट कम होंगे?

हां, अधिकतर सेवाएं मोबाइल पर उपलब्ध होने से ब्रांच जाने की जरूरत काफी कम हो जाएगी.

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By Rajeev kumar

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जमशेदपुर में जन्मे राजीव की प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद उन्होंने भारतीय विद्या भवन, पुणे से जर्नलिज्म ऐंड मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उनको आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में यूजर्स तक पहुंचाने में मदद करती है.

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