MIT के वैज्ञानिकों ने बनाया बिना बिजली के ठंडा करने वाला उपकरण

बोस्टन : वैज्ञानिकों ने बिजली के बिना ही ठंडा करने वाला एक उपकरण विकसित किया है जिससे दूरदराज के इलाकों में बिजली के बिना रहने वालों को राहत मिल सकेगी. बिजली या जीवाश्म ईंधन से उत्पन्न ऊर्जा के बिना ही चलने वाला यह उपकरण एमआईटी के वैज्ञानिकों ने विकसित किया है. इन वैज्ञानिकों में भारतीय […]

बोस्टन : वैज्ञानिकों ने बिजली के बिना ही ठंडा करने वाला एक उपकरण विकसित किया है जिससे दूरदराज के इलाकों में बिजली के बिना रहने वालों को राहत मिल सकेगी. बिजली या जीवाश्म ईंधन से उत्पन्न ऊर्जा के बिना ही चलने वाला यह उपकरण एमआईटी के वैज्ञानिकों ने विकसित किया है.

इन वैज्ञानिकों में भारतीय मूल का भी एक वैज्ञानिक शामिल है. अनुसंधानकर्ताओं ने बताया कि इस प्रणाली में प्रकाश के मध्य इन्फ्रारेड स्तर पर ऊर्जा का उत्सर्जन होता है जो वायुमंडल से सीधे आगे बढ़ कर उसकी बाहरी सतह के शीत आवरण में विकिरित हो जाती है.

इस पूरी प्रक्रिया के दौरान, ग्रीनहाउस गैसों की तरह आचरण करने वाली गैसों का प्रभाव बेअसर रहता है. सूर्य की सीधी रोशनी में गर्म होने से बचाने के लिए इस उपकरण के ऊपरी ब्लॉक्स में धातु की बनी एक पट्टी लगी रहती है जो सूर्य की सीधे पड़ने वाली किरणों को रोक देती है.

इस उपकरण के बारे में जानकारी नेचर कम्युनिकेशन्स जर्नल में प्रकाशित हुई है.

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