उन्होंने अपने कैरियर की शुरूआत बालुरघाट कॉलेज से अस्सिटेंट प्रोफेसर से की थी. बाद में उनका तबादला कर्सियांग कॉलेज हो गया. 2003 में वह सिलीगुड़ी कॉलेज के प्रिंसिपल बने. तब से लेकर वर्ष 2014 तक लगातार 12 वर्षो तक वह इस पद पर बने रहे. डॉ करंजयी ने इंस्पेरिया नॉलेज कैम्पस ज्वाइन करने पर अपनी खुशी जाहिर की है. यह जानकारी संस्था के ऑपरेशनल हेड राहुल गुप्ता ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी है.
डॉ करंजयी बने इंस्पेरिया के प्रिंसिपल
सिलीगुड़ी. डॉ मलय कांति करंजयी ने इंस्पेरिया नॉलेज कैंपस के प्रिंसिपल का पदभार ग्रहण कर लिया है. इससे पहले वह 12 वर्षो तक सिलीगुड़ी कॉलेज के पिं्रसिपल थे. वर्ष 2014 में सरकारी सेवा से रिटायर होने के बाद वह एक बार फिर से शिक्षा जगह से जुड़ गये हैं. उन्होंने अपने कैरियर की शुरूआत बालुरघाट […]

सिलीगुड़ी. डॉ मलय कांति करंजयी ने इंस्पेरिया नॉलेज कैंपस के प्रिंसिपल का पदभार ग्रहण कर लिया है. इससे पहले वह 12 वर्षो तक सिलीगुड़ी कॉलेज के पिं्रसिपल थे. वर्ष 2014 में सरकारी सेवा से रिटायर होने के बाद वह एक बार फिर से शिक्षा जगह से जुड़ गये हैं.