सिलीगुड़ी. एसजेडीए शीघ्र ही दो और शवदाह चूल्हे का निर्माण कार्य शुरू करेगी. पहले रामघाट में शवदाह चूल्हे के निर्माण के साथ-साथ बागडोगरा तथा मालबाजार के श्मशान घाट में शवदाह चूल्हे का निर्माण कार्य करने का निर्णय लिया गया था. रामघाट में विद्युत शवदाह चूल्हे के निर्माण को लेकर हुए विवाद के बाद इस परियोजना को फूलबाड़ी के अधिकारपाड़ा में स्थानांतरित कर दिया गया है.
इसके अलावा बागडोगरा तथा मालबाजार में रुके हुए विद्युत शवदाह चूल्हे के निर्माण का काम एक बार फिर से शुरू किया जायेगा. यह जानकारी उत्तर बंगाल विकास मंत्री व एसजेडीए के चेयरमैन गौतम देव ने दी. वह यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे. श्री देव ने बताया कि वर्ष 2013-14 तथा वर्ष 2014-15 के दौरान करीब 103 करोड़ रुपये का काम किया गया है. उन्होंने इस अवसर पर पिछले दो वर्षो में एसजेडीए द्वारा किये गये कार्यो से संबंधित एक पुस्तिका भी जारी की. इस पुस्तिका में सिलीगुड़ी जलपाईगुड़ी क्षेत्र में एसजेडीए द्वारा किये गये विभिन्न कार्यो तथा उसके बजट की पूरी जानकारी दी गयी है. श्री देव ने कहा कि एसजेडीए का चेयरमैन बनने के बाद उन्होंने परियोजनाओं की झड़ी लगा दी है.
उन्होंने बताया कि झंकार मोड़ से चतुर्थ महानंदा ब्रिज होते हुए माटीगाड़ा तक सड़क को चौड़ा करने का काम शीघ्र शुरू किया जायेगा. उन्होंने बताया कि तत्कालीन वाम मोरचा सरकार ने ब्रिज का तो निर्माण करवा दिया, लेकिन सड़क को चौड़ा करने की दिशा में कोई पहल नहीं की गयी. जमीन नहीं मिलने के कारण परियोजना का काम रुका हुआ था. उन्होंने सड़क चौड़ा करने के लिए आवश्यक जमीन का अधिग्रहण कर लिया है. जमीनदाताओं को तीन करोड़ 64 लाख रुपये मुआवजे के रूप में दी गयी है.
राहत सामग्री लेकर जायेंगे नेपाल
मंत्री गौतम देव ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से एक बार फिर से बड़े पैमाने पर राहत सामग्री लेकर वह नेपाल जायेंगे. वहां भूकंप पीड़ितों की मदद की जायेगी. वह 12 तारीख को सिलीगुड़ी से पटना के लिए रवाना होंगे. वहां से राहत सामग्री को लेकर बिहार के रक्सौल सीमा से नेपाल में प्रवेश करेंगे.
श्री देव ने बताया कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी नेपाल के दुख-दर्दो को बांटने में जुटी हुई हैं. उनके निर्देश पर ही वह राहत सामग्री लेकर नेपाल जा रहे हैं. यहां उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी सिलीगुड़ी के निकट पानीटंकी से 35 ट्रक राहत सामग्री नेपाल रवाना की थी.
