सिलीगुड़ी. भारत के पूर्व केन्द्रीय मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य सतपाल जी महाराज ने भूटान की यात्र की. इस यात्र के दौरान उन्होंने भूटान नरेश जिग्मे खेशर नामग्याल वांगचुक के साथ भेंट की और दोनों नेताओं के बीच भारत एवं भूटान की मैत्री को लेकर चरचा की गयी. अपने पड़ोसी […]
सिलीगुड़ी. भारत के पूर्व केन्द्रीय मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य सतपाल जी महाराज ने भूटान की यात्र की. इस यात्र के दौरान उन्होंने भूटान नरेश जिग्मे खेशर नामग्याल वांगचुक के साथ भेंट की और दोनों नेताओं के बीच भारत एवं भूटान की मैत्री को लेकर चरचा की गयी. अपने पड़ोसी राष्ट्रों से मधुर संबंध रखते हुए आपस में प्रेम एवं सौहार्द की नीति प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की रही है.
इसी को साकार करते हुए सतपाल महाराज ने यात्रा की है.इस संबंध में सतपाल जी महाराज ने कहा कि ने कहा कि हम पड़ोसियों से मैत्री भाव चाहते हैं और भूटान नरेश ने भी भारत के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध को गंभीरतापूर्वक लिया है. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सार्क देशों के साथ मैत्री संबंध बढ़ाने के लिए पहली यात्र भूटान की की थी.
श्री महाराज ने आगे कहा कि भारत भूटान के लिए, भूटान भारत के लिए नारे के साथ दोनों देशों के बीच मैत्री भाव प्रगाढ़ होना चाहिए. हाल में संपन्न जयगांव का सद्भावना सम्मेलन का उद्देश्य भी यही है. सतपाल जी ने आगे कहा कि भूटान सदैव शांतिप्रिय देश रहा है और उस देश के साथ भारत की मित्रता काफी प्रगाढ़ है.