जलपाईगुड़ी/ मयनागुड़ी : जलपाईगुड़ी जिले के लाटागुड़ी बाजार स्थित पीडब्ल्यूडी के इंस्पेक्शन बंगलो में रविवार भोर में लगभग 3.30 बजे आग लग गयी. इसमें सिलीगुड़ी के एक सैलानी की जलकर मौत हो गयी है, जबकि दूसरे को गंभीर रूप से जख्मी हालत में माल सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती किया गया है. आग लगने की खबर पाकर मयनागुड़ी व मालबाजार से दो दमकल गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंचीं.
लाटागुड़ी में बंगलो में आग, सिलीगुड़ी के सैलानी की मौत
जलपाईगुड़ी/ मयनागुड़ी : जलपाईगुड़ी जिले के लाटागुड़ी बाजार स्थित पीडब्ल्यूडी के इंस्पेक्शन बंगलो में रविवार भोर में लगभग 3.30 बजे आग लग गयी. इसमें सिलीगुड़ी के एक सैलानी की जलकर मौत हो गयी है, जबकि दूसरे को गंभीर रूप से जख्मी हालत में माल सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती किया गया है. आग लगने की […]

लाटागुड़ी में बंगलो में आग, सिलीगुड़ी के सैलानी की मौत
दमकलकर्मियों ने करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद ऊपरी मंजिल पर लगी आग पर काबू पाया. मृतक की पहचान शुभदीप दास (28) और घायल की पहचान दिवाकर चक्रवर्ती (39) के रूप में की गयी है. दोनों सिलीगुड़ी के दीनबंधु मंच के सरकारी कर्मचारी हैं. फोरेंसिक जांच के लिए सोमवार को टीम आ रही है. जिस बंगलो में हादसा हुआ उसके सामने इको पार्क का काम चल रहा है.
भोर रात में चीत्कार सुनकर इको पार्क के कर्मचारी और स्थानीय लोग बाहर निकले और बचाव कार्य शुरू किया. लकड़ी से बना होने के कारण बंगलो से तेज लपटें उठ रही थीं. भीतर घुसना नामुमकिन था. लोगों ने बंगले की खिड़कियों के कांच पर पत्थर फेंककर दिवाकर को जगाया और उसे नीचे कूदने को कहा. कूदने में दिवाकर घायल हो गया, लेकिन उसकी जान बच गयी.
लाटागुड़ी ग्राम पंचायत के प्रधान जगबंधु सेन ने कहा कि इस बंगलो में आग बुझाने की कोई व्यवस्था नहीं थी. दिवाकर ने अस्पताल में बताया कि 85 साल पुराने इस बंगलो में छुट्टी काटने के लिए अक्सर ही वह और शुभदीप आया करते थे. शुभदीप ही बुकिंग किया करता था. प्राप्त जानकारी के अनुसार, ब्रिटिश पीरियड में यह बंगलो बनाया गया था. विभागीय इंजीनियरों के ठहरने में इसका इस्तेमाल होता था.
खाली रहने पर पर्यटकों के लिए बुकिंग का प्रावधान था. इसका फायदा उठाकर बंगलो का केयरटेकर विष्णु उरांव थोड़े पैसों के बदले में बंगलो में कमरा किराये पर देता था. पता चला है कि शुभदीप और दिवाकर को भी विष्णु ने बिना सरकारी अनुमति के अपनी ओर से कमरा दिया था.
मयनागुड़ी अग्निशमन केंद्र के ओसी गोविंद बर्मन ने बताया कि आग शॉर्ट सर्किट से लगने का अनुमान है. हालांकि निश्चित तौर पर वह कुछ कहने में असमर्थ हैं. लोक निर्माण विभाग के सहायक इंजीनियर सुव्रत राय भी घटनास्थल पर पहुंचे. आग लगने की वजह का पता नहीं लग सका है.
बंगलो का केयरटेकर और एक अन्य कर्मचारी भी साफ तौर पर कुछ पता नहीं पा रहे हैं. ये दोनों सदमे में हैं. ये लोग निचले तल में सो रहे थे. आग की गर्मी महसूस होने पर दोनों बाहर निकले. क्रांति थाना पुलिस और अग्निशमन विभाग घटना की छानबीन कर रहे हैं.