मालदा: धर-पकड़ से नाराज टोटो चालकों को आंदोलन करने का कोई लाभ नहीं हुआ. आखिकार मालदा नगरपालिका एवं जिला प्रशासन की ओर से शहर की सड़कों पर पुराने टोटो गाड़ियों की आवाजाही पर पांबदी लगा दी गयी है. यहां बता दें कि शनिवार से ही शहर की सड़कों पर पुराने टोटो का धर पकड़ चल रही है. इसे लेकर टोटो चालकों ने आंदोलन शुरू किया है.
सोमवार को टोटो चालकों के साथ तृणमूल के कुछ नेताओं ने भी नगरपालिका के सामने विरोध प्रदर्शन किया था. इससे इस इलाके में जाम की स्थित पैदा हो गयी. आखिरकार शाम को नगरपालिका की ओर से शहर में टोटो गाड़ियों की धर-पकड़ को बंद करवाने का आश्वासन दिया था. इस बीच, मालदा के टोटो चालकों ने आगामी तीन दिनों तक शहर में टोटो बंद रखने का फैसला लिया है.
मंगलवार को मालदावासियों ने जाममुक्त शहर का आनंद लिया. इस दिन शहर में कोई दुर्घटना की खबर भी नहीं मिली. पार्थ दास नामक एक डाक विभाग के कर्मी ने बताया कि शहर में टोटो बंद रहने के कारण जाम काफी कम थी. निर्धारित समय पर ऑफिस पहुंचकर वे काफी खुश हुए. हालांकि मरीजों एवं गांव के लोगों को वाहनों की कमी से परेशानी हुई. शहर के रिक्शा चालकों का कहना है कि टोटो के कारण उनकी कमाई बंद हो गई है. इसलिए टोटो बंद होने से वे काफी खुश है. इधर टोटो चालकों ने शहर के फव्वारा मोड़ इलाके में पथावरोध किया. उनलोगों का कहना है कि जबतक उनकी मांगें पूरी नहीं होती है तबतक आन्दोलन जारी रहेगा. सुरजीत घोष नामक एक टोटो के चालक ने बताया कि सिर्फ पुराने टोटो को पकड़ा जा रहा है. नये टोटो के खिलाफ कार्यवाई नहीं हो रही है. जब्त टोटो गाड़ियों को जल्द छोड़े जाने की मांग करते हुए पथावरोध जारी रखने की बात बताई है.
