इंटरनेट का उपयोग कर किताबें पढ़ सकेंगे दृष्टिहीन

कोलकाता: सोशल मीडिया के इस युग में हर चीज इंटरनेट पर सिमटती जा रही है. इस तकनीक का लाभ हर तबके को मिल रहा है. चाहे वह बच्चे, युवा व बुजुर्ग क्यों न हों. एेसे में अब इंटरनेट का उपयोग कर दृष्टिहीन भी किताबें पढ़ सकते हैं. महानगर के रोटरी सदन में दृष्टिहीन दिव्यांगों के […]

कोलकाता: सोशल मीडिया के इस युग में हर चीज इंटरनेट पर सिमटती जा रही है. इस तकनीक का लाभ हर तबके को मिल रहा है. चाहे वह बच्चे, युवा व बुजुर्ग क्यों न हों. एेसे में अब इंटरनेट का उपयोग कर दृष्टिहीन भी किताबें पढ़ सकते हैं.

महानगर के रोटरी सदन में दृष्टिहीन दिव्यांगों के लिए काम करनेवाली संस्था एनआइपी की ओर से सोमवार को एप लांच किया गया, जिसके माध्यम से दृष्टिहीन बच्चों को पढ़ाई के लिए काफी सहूलियत मिलेगी. यह एप गुगल प्ले स्टोर से मुफ्त में डाउनलोड किया जा सकता है.


अभी तक दृष्टिहीनों के लिए केवल ब्रेल लिपि में लिखी पुस्तकों के माध्यम से ही ज्ञान प्राप्त करने का उपाय संभव था, लेकिन इस संस्था के अभिनव प्रयास से इन दृष्टिहीनों को भी तकनीक का उपयोग कर अपनी शिक्षा को आगे बढ़ाना संभव हो सकेगा. एनआइपी के सचिव देवज्योति राय ने बताया कि आठवीं कक्षा से ही इन दृष्टिहीन बच्चों को ब्रेल लिपि में किताबें मिलने में काफी असुविधा होती है लेकिन इस नयी तकनीक से ये बच्चे इन किताबों को ऑडियो फार्म में पढ़ व सुन सकेगें जिससे उन्हें अपनी पढ़ाई जारी रखने में काफी सहायता मिल सकेगी.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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