उन्होंने नीचे देखा तभी उन्हें लक्ष्य कर गोली चलाकर बदमाश भाग निकले. इस शिकायत के बाद पुलिस जांच के लिए वारदात स्थल पर पहुंची, लेकिन उन्हें वहां से कोई कारतूस का खोल नहीं मिला. मिस फायर होने के बाद बुलेट किसी जगह पर जा लगी हो, वह बुलेट हेड भी पुलिस को नहीं मिला. आसपास के इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरे की जांच में भी घटना से संबंधित कोई फुटेज उन्हें नहीं मिला है.
इसके कारण अब आसपास रहनेवाले किन लोगों ने गोली चलने की आवाज सुनी है, अब उन लोगों का पता लगाया जा रहा है. इस मामले में कोलकाता पुलिस के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (5) सह संयुक्त आयुक्त (अपराध) विशाल गर्ग ने बताया कि पुलिस इस घटना के सभी पहलुओं की जांच करने के बाद ही इस बारे में कुछ कह पायेगी. फिलहाल पर्णश्री थाने की पुलिस के साथ लालबाजार के एंटी राउडी स्क्वाड (एआरएस) की टीम ने भी मामले की जांच शुरू कर दी है.
