दार्जिलिंग: रोज की तरह रविवार को भी गोरखालैंड समर्थक अलग राज्य की मांग को लेकर रैली निकालने के बाद दार्जिलिंग में जनसभा कर रहे थे, तभी पुलिस ने लाठियां भाजनी शुरू कर दीं. गोजमुमो के केंद्रीय सहसचिव विनय तामांग ने आरोप लगाया कि पुलिस ने शांतिपूर्ण आंदोलन का दमन किया है.
जानकारी के मुताबिक, रविवार को गोरखालैंड समर्थकों की रैली शहर की परिक्रमा करके चौक बजार पहुंची, जहां वह जनसभा में बदल गयी. जनसभा को गोरखा जन मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय कानूनी सलाहकार तिलकचंद्र रोका संबोधित कर रहे थे. तभी पुलिस ने जनसभा स्थल पर उपस्थित भीड़ पर लाठी भांजनी शुरू कर दी. श्री तामांग ने आरोप लगाया कि जनसभा में मौजूद कई लोगों को हिरासत में भी लिया गया.
उन्होंने कहा कि पहाड़ पर दो रात को दो विस्फोट हुए हैं.
कानून-व्यवस्था बनाये रखने की जिम्मेदारी एक राजनीतिक दल की नहीं, बल्कि पुलिस की है. उन्होंने हिरासत में लिये गये गोरखालैंड समर्थकों को रिहा करने की अपील पुलिस से की है. इधर, इस संदर्भ में पुलिस ने कुछ भी बताने से साफ इनकार किया है.
