पत्रकारों को संबोधित करते हुए एडीआरएम ने कहा कि दार्जिलिंग पर जारी आंदोलन की वजह से टॉय ट्रेन का संचालन बंद किया गया है. टॉय ट्रेन विश्व धरोहर है. इसकी सुरक्षा हमारा प्रथम उद्देश्य है. इसकी सुरक्षा के लिए प्रशासन को चिट्ठी भी दिया गया है. दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे भी इस विषय पर कार्य कर रही है.
स्टेशन पर अवैध हॉकर और अतिक्रमण की समस्या पर उन्होंने सीधे राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया है. श्री मीना ने कहा कि प्लेटफॉर्म में अवैध रूप से बैठे हॉकरों की समस्या से निपटने का एक मामला हाई कोर्ट में चल रहा था. इस मामले में हाई कोर्ट ने सलाह दी कि राज्य सरकार व रेलवे प्रशासन एक साथ मिलकर एक कमिटी का गठन कर इस समस्या का निपटारा करे.
इस दिशा में राज्य सरकार ने कोई पहल नहीं की, बल्कि सत्ताधारी दल के एक सांसद ने हॉकरों को इज्जत कार्ड देने की मांग की है. दूसरी तरफ अतिक्रमण रेलवे के एक जटिल समस्या है. इसके लिये भी राज्य सरकार का सहयोग नहीं मिल रहा है. रविवार को सिलीगुड़ी जंक्शन रेलवे स्टेशन वाटर वेंडिग मशीन का उद्घाटन कर उन्होंने स्टेशन परिसर का जाएजा लिया. इस दौरान उनके साथ स्टेशन मैनेजर व अन्य अधिकारी उपस्थित थे.
