Mamta Banerjee attack : तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने मंगलवार को हाल में अपने काफिले पर हुए हमले को लेकर पुलिस पर पक्षपात का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि काफिले की कार पर फेंकी गई एक बड़ी ईंट की वजह से उनके सीने में दर्द हो गया है. ममता ने कहा कि उनकी तबियत ठीक नहीं होने का बावजूद वह अपनी पार्टी की डिजिटल विंग के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंची.
काफिले पर हमले को लेकर क्या बोली ममता?
ममता बनर्जी ने बताया कि नॉर्थ 24 परगना जाते वक्त उनके काफिले को रोका गया और उसपर ईंट-पत्थर फेंके गए. वह एक टीएमसी नेता के निधन के बाद उनके परिवार से मिलने जा रही थी. उनके साथ उस वक्त लोकसभा सांसद कल्याण बनर्जी और राज्यसभा सांसद डोला सेन भी मौजूद थीं.
टीएमसी प्रमुख ने कहा कि उनके कार पर किए गए हमले के बाद से उनके सीने में दर्द है. इसकी वजह से वह कार्यक्रमों में शामिल नहीं हो रही हैं. लेकिन आईटी टीम के कार्यक्रम को महत्वपूर्ण मानते हुए उन्होंने इसमें शामिल होने का फैसला लिया.
ममता ने पुलिस पर लगाया पक्षपात का आरोप
पूर्व मुख्यमंत्री ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पुलिस चुनिंदा तरीके से TMC कार्यकर्ताओं को निशाना बना रही है. उन्होंने कहा कि किसे गिरफ्तार करना है और किसे नहीं, यह पुलिस का काम है, लेकिन आरोप लगाया कि पुलिस का काम केवल तृणमूल कांग्रेस के लोगों को गिरफ्तार करना रह गया है.
ममता ने आगे आरोप लगाया कि TMC कार्यालय में मौजूद पार्टी कार्यकर्ताओं को डराने के लिए BJP कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस भी पहुंची थी. हालांकि, ये आरोप ममता बनर्जी के हैं.
BJP ने हमले में शामिल होने से किया इनकार
वहीं, पश्चिम बंगाल के परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह ने ममता बनर्जी के काफिले पर हुए हमले में BJP की भूमिका से इनकार किया. उन्होंने कहा कि मौके पर BJP का कोई कार्यक्रम नहीं था और न ही वहां पार्टी का कोई व्यक्ति मौजूद था.
Also read : अमेरिकी मिडटर्म चुनाव से पहले ट्रंप का हमला, बोले- 'जिहादी और कम्युनिस्ट जीत रहे चुनाव'
अर्जुन सिंह ने दावा किया कि पत्थर फेंकने वाले लोग अपने घरों को कथित तौर पर तोड़े और लूटे जाने से नाराज थे. उन्होंने कहा कि BJP इस तरह की घटना के पक्ष में नहीं है.
