देश के दूसरे सबसे गरीब मुख्यमंत्री हैं शुभेंदु अधिकारी, एडीआर की रिपोर्ट में खुलासा

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी देश के मुख्यमंत्रियों में सबसे कम संपत्ति वाले दूसरे व्यक्ति हैं. उनकी कुल संपत्ति 85.87 लाख रुपए घोषित की गयी है. यह रिपोर्ट चुनावी हलफनामों के विश्लेषण पर आधारित है. जानें कौन है देश का सबसे अमीर और सबसे गरीब मुख्यमंत्री.

Suvendu Adhikari Net Worth: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी देश के मुख्यमंत्रियों में ऐसे दूसरे मुख्यमंत्री हैं, जिनके पास सबसे कम संपत्ति है. बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 में उन्होंने अपनी कुल संपत्ति 85.87 लाख रुपए घोषित की थी. एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) और नेशनल इलेक्शन वॉच द्वारा जारी चुनावी हलफनामों के विश्लेषण में यह जानकारी सामने आयी है.

सबसे कम संपत्ति उमर अब्दुल्ला के पास

देश के 31 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों द्वारा दिये गये स्वघोषित चुनावी हलफनामों के आधार पर किये गये इस विश्लेषण में पाया गया कि जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के पास सबसे कम संपत्ति है. उनकी घोषित संपत्ति 55.24 लाख रुपए है.

85.87 लाख की संपत्ति के मालिक हैं शुभेंदु अधिकारी

पश्चिम बंगाल के चीफ मिनिस्टर शुभेंदु अधिकारी 85.87 लाख रुपए की घोषित संपत्ति के साथ सबसे कम संपत्ति वाले या गरीब मुख्यमंत्रियों में दूसरे स्थान पर हैं. उनके बाद राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा हैं, जिनकी घोषित संपत्ति 1.03 करोड़ रुपए से अधिक है. रिपोर्ट के अनुसार अधिकारी की घोषित संपत्ति में 24.57 लाख रुपए की चल संपत्ति और 61.30 लाख रुपए की अचल संपत्ति शामिल है.

ये भी पढ़ें: 85.87 लाख के मालिक शुभेंदु अधिकारी के पास नहीं है कार, जानें नंदीग्राम के योद्धा की प्रॉपर्टी और बैंक बैलेंस

कर्नाटक के सीएम डीके शिवकुमार सबसे अमीर

दूसरी ओर कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार इस सूची में सबसे शीर्ष स्थान पर हैं, जिनकी घोषित संपत्ति 1,413 करोड़ रुपए से अधिक है. रिपोर्ट में कहा गया है कि 31 मुख्यमंत्रियों में से 4 (13 प्रतिशत) ने एक अरब रुपए से अधिक की संपत्ति घोषित की है. एडीआर के विश्लेषण में यह भी पाया गया कि 31 मुख्यमंत्रियों द्वारा घोषित संपत्ति का औसत 118.07 करोड़ रुपए है.

ये भी पढ़ें: नंदीग्राम से नयी दिल्ली तक 15 बैंक अकाउंट, जानें कितनी संपत्ति है शुभेंदु अधिकारी की?

31 में 14 मुख्यमंत्रियों पर आपराधिक मामले

मुख्यमंत्रियों की आपराधिक पृष्ठभूमि के संबंध में रिपोर्ट में कहा गया है कि 31 मुख्यमंत्रियों में से 14 (45 प्रतिशत) ने अपने खिलाफ आपराधिक मामले घोषित किये हैं, जबकि 11 (35 प्रतिशत) पर गंभीर आपराधिक आरोप हैं. एडीआर एक गैर-सरकारी संगठन है, जो चुनावी और राजनीतिक सुधारों के क्षेत्र में काम करता है.


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By मिथिलेश झा

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >