मुख्य बातें
Communal tension: कोलकाता. पुरुलिया के कोटशिला थाना क्षेत्र के मुरगुमा इलाके में रामनवमी से पहले माहौल तनावपूर्ण हो गया है. यहां धार्मिक प्रतिमाओं को कालिख लगाकर अपवित्र करने का मामला सामने आया है. इस घटना के बाद इलाके में लोगों में आक्रोश बढ़ गया है. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया. इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. सभी आरोपियों को पुरुलिया जिला अदालत में पेश किया गया, जहां अदालत ने उन्हें दो दिन की पुलिस हिरासत में भेजने का निर्देश दिया है.
तृणमूल का भाजपा पर आरोप
घटना पर सियासी संग्राम तेज इस मामले ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है. घटना की जानकारी मिलते ही तृणमूल कांग्रेस के स्थानीय नेता और जयपुर विधानसभा क्षेत्र के पार्टी प्रत्याशी भी मौके पर पहुंचे. इलाके में इस घटना को लेकर तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस लगातार निगरानी बनाए हुए है. तृणमूल कांग्रेस के नेताओं ने आरोप लगाया है कि रामनवमी से पहले माहौल बिगाड़ने के उद्देश्य से बीजेपी इस घटना के पीछे है. उनका दावा है कि गिरफ्तार किए गए आरोपी बीजेपी से जुड़े हुए हैं और जानबूझकर शांति भंग करने की कोशिश की गई है.
पश्चिम बंगाल की अन्य महत्वपूर्ण खबरों को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
भाजपा ने आरोप को किया खारिज
बीजेपी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है. पार्टी नेताओं का कहना है कि इस घटना में उनका कोई हाथ नहीं है और उनके कार्यकर्ताओं को साजिश के तहत फंसाया जा रहा है. दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है, जिससे इलाके का माहौल और ज्यादा संवेदनशील हो गया है. पुलिस जांच जारी, स्थिति पर नजर पुरुलिया के पुलिस अधीक्षक वैभव तिवारी ने बताया कि मूर्ति तोड़फोड़ के मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है और पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस सतर्क है.
Also Read: ममता ने बांग्लादेश जैसी कर दी बंगाल की हालत, प्रतिमा तोड़े जाने पर भड़के दिलीप घोष
