राम नवमी पर ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी की हुंकार, बंगाल में 3000 जवान तैनात, हावड़ा-हुगली में ड्रोन

Ram Navami West Bengal 2026: पश्चिम बंगाल में राम नवमी पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किये गये हैं. शुभेंदु अधिकारी ने ममता के गढ़ भवानीपुर में निकाली शोभायात्रा. हावड़ा-हुगली में 3000 पुलिसकर्मी तैनात. ड्रोन से हो रही निगरानी. पढ़ें पूरी रिपोर्ट.

Ram Navami West Bengal 2026: पश्चिम बंगाल में राम नवमी के पावन अवसर पर भक्ति और राजनीति का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है. एक तरफ राज्य प्रशासन ने सुरक्षा के लिए 3,000 पुलिसकर्मियों की फौज उतार दी है, तो दूसरी तरफ विधानसभा चुनाव के सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी शुभेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में राम नवमी शोभायात्रा में शामिल होकर सियासी हलचल तेज कर दी है. हावड़ा और हुगली जैसे संवेदनशील इलाकों में ड्रोन से निगरानी रखी जा रही है, ताकि शांति भंग न हो.

दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र में राम नवमी जुलूस में शामिल हुए शुभेंदु अधिकारी.

भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी का शक्ति प्रदर्शन

बृहस्पतिवार को बंगाल के लीडर ऑफ ऑपोजीशन शुभेंदु अधिकारी दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर में राम नवमी के जुलूस में शामिल हुए. यह वही सीट है, जहां से आगामी विधानसभा चुनाव में वे ममता बनर्जी को शुभेंदु अधिकारी सीधी चुनौती देने वाले हैं. यह शोभायात्रा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के आवास से महज एक किलोमीटर दूर हाजरा क्रॉसिंग पर समाप्त हुई. नंदीग्राम की ऐतिहासिक जीत के बाद, भवानीपुर में शुभेंदु की मौजूदगी को भाजपा के आक्रामक चुनाव प्रचार के रूप में देखा जा रहा है.

बंगाल में जगह-जगह सुरक्षा बलों को तैनात कर दिया गया है.

हावड़ा और हुगली में सुरक्षा का घेरा, CRPF हाई अलर्ट पर

पिछले वर्षों के कड़वे अनुभवों को देखते हुए प्रशासन ने हावड़ा और हुगली जिलों को अति-संवेदनशील श्रेणी में रखा है. कलकत्ता हाईकोर्ट ने अंजनी पुत्र सेना और वीएचपी (VHP) की शोभायात्राओं को कड़ी शर्तों के साथ अनुमति दी है. हथियार ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है और एक यात्रा में 500 से अधिक लोगों के शामिल होने पर रोक है. सीआरपीएफ (CRPF) सहित केंद्रीय बलों को स्टैंडबाय पर रखा गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मोर्चा संभाला जा सके.

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Ram Navami West Bengal 2026: नबान्न से जिलों तक जीरो टॉलरेंस का निर्देश

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर राज्य सचिवालय नबान्न में मुख्य सचिव और डीजीपी (DGP) की मौजूदगी में हाई-लेवल मीटिंग हुई. इसमें कहा गया कि यदि कोई शोभायात्रा तय रूट या नियमों का उल्लंघन करती है, तो उसे मौके पर ही रोक दिया जाये. उत्तर दिनाजपुर के इस्लामपुर और बीरभूम के सिउड़ी जैसे इलाकों में भी पुलिस की गश्त बढ़ा दी गयी है. कहा गया है कि बंगाल में 26 से 29 मार्च के बीच शोभायात्राएं निकाली जायेंगी.

प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है. हमने संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये हैं. हर शोभायात्रा को अदालत के दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है. शांति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जायेगी.

वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, नबान्न (पश्चिम बंगाल सचिवालय)

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By Mithilesh Jha

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