चाय बागानों की 30% जमीन मुक्त करने के प्रस्ताव का विरोध

भाजपा सदस्य इस मुद्दे पर कार्य स्थगन प्रस्ताव के जरिये चर्चा की मांग कर रहे थे.

कोलकाता. राज्य में पर्यटन उद्देश्यों के लिए चाय बागानों की 30 प्रतिशत भूमि को मुक्त करने के प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति देने से विधानसभा अध्यक्ष के इनकार के विरोध में भाजपा सदस्यों ने बुधवार को सदन से बहिर्गमन किया. भाजपा सदस्य इस मुद्दे पर कार्य स्थगन प्रस्ताव के जरिये चर्चा की मांग कर रहे थे. अध्यक्ष बिमान बनर्जी ने कुछ भाजपा सदस्यों द्वारा लाये गये स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति नहीं देते हुए पार्टी विधायक विशाल लामा को प्रस्ताव पढ़ने की अनुमति दी थी. अध्यक्ष ने कहा कि इस मुद्दे पर सत्र के दौरान चर्चा की जा सकती है और इस पर कार्य स्थगन प्रस्ताव को स्वीकार करने की कोई आवश्यकता नहीं है. अध्यक्ष के फैसले का विरोध करते हुए भाजपा विधायकों ने नारेबाजी की और सदन से बहिर्गमन किया. भाजपा नेता विशाल लामा ने कहा कि हाल ही में संपन्न ‘बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट’ में राज्य सरकार ने चाय बागानों की 30 प्रतिशत जमीन को पर्यटन से जुड़े कार्यों के लिए मुक्त करने की घोषणा की थी. उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर चर्चा जरूरी है.

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By Prabhat Khabar News Desk

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