खास बातें
Bengal Elections: कोलकाता. पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनाव में दोनों चरण का मतदान शांतिपूर्वक निबट गया, लेकिन रिजल्ट के बाद हिंसा की आशंका बरकरार है. चुनाव में रिजल्ट चाहे जिसके पक्ष में आये, हिंसा को लेकर सभी पक्ष चिंतित हैं. चुनाव आयोग ने केंद्रीय बलों को अगले कुछ माह तक बंगाल में रखने का फैसला किया है. तृणमूल कांग्रेस और भाजपा ने भी अपने-अपने स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी है. भाजपा संगठन को दिल्ली से कोलकाता निर्देश आ चुका है. चार मई को संगठन के सभी पदाधिकारियों को अपने-अपने इलाके में ही रहने को कहा गया है. उम्मीदवारों को भी निर्देश दिया गया है कि जब तक कोलकाता बुलाया न जाये तब तक अपने अपने क्षेत्र में ही रहें.
पिछली बार हुई थी कई जगहों पर हिंसा
भाजपा संगठन से जुड़े एक पदाधिकारी ने बताया कि भाजपा ने स्थानीय संगठन के नेताओं को रिजल्ट आने के बाद अगले कुछ दिनों तक अपने ही क्षेत्र में रहने को कहा है, ताकि रिजल्ट के बाद होनेवाली किसी भी तरह का संभावित हिंसा से निबटा जा सके. 2021 में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद पश्चिम बंगाल में कई हिंसक घटनाएं हुईं थी. भाजपा पदाधिकारी ने कहा कि पिछली बार टीएमसी कार्यकर्ताओं ने रिजल्ट आने पर भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों को निशाना बनाया था. इस बार हम लोग अपने समर्थकों की सुरक्षा के लिए सतर्कता बरत रहे है.
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चलता रहेगा भाजपा का वार रूम
चुनाव आयोग ने भी अगले आदेश तक बड़ी संख्या में केंद्रीय बलों की विभिन्न क्षेत्रों में तैनाती सुनिश्चित की है. भाजपा ने अपने नेताओं से कहा है कि नतीजे आने के बाद भी उसका वार रूम काम करेगा और वहां पर हर क्षेत्र की स्थिति के बारे में जानकारी दी जा सकेगी, ताकि त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके. पार्टी नेता इस बारे में लगातार बैठकें कर भावी स्थितियों से निपटने की तैयारी कर रहे हैं. इस बीच शुक्रवार को कोलकाता में हुई तृणमूल कांग्रेस की बड़ी बैठक में मुख्य मुद्दा मतगणना को लेकर रहा, लेकिन उसके बाद की स्थिति को लेकर भी चर्चा हुई है. अभिषेक बनर्जी ने सभी नेताओं से हालात पर नजर रखने को कहा है.
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