कोलकाता : राज्यपाल तथा जादवपुर यूनिवर्सिटी (जेयू) के कुलाधिपति जगदीप धनखड़ ने जेयू के वाइस चांसलर को पत्र लिख कर एग्जीक्यूटिव काउंसिल के प्रस्ताव को अवैध ठहराते हुए निर्देशों का अनुपालन करने के लिए कहा. अपने पत्र में राज्यपाल ने कहा है कि वीसी ने अपने 21 दिसंबर को कुलाधिपति को लिखे पत्र में एग्जीक्यूटिव काउंसिल के प्रस्ताव की जानकारी दी गयी, जिसमें बताया गया है कि 24 दिसंबर को होनेवाला दीक्षांत समारोह स्थगित किया गया है.
राज्यपाल ने जेयू के वीसी को लिखा पत्र
कोलकाता : राज्यपाल तथा जादवपुर यूनिवर्सिटी (जेयू) के कुलाधिपति जगदीप धनखड़ ने जेयू के वाइस चांसलर को पत्र लिख कर एग्जीक्यूटिव काउंसिल के प्रस्ताव को अवैध ठहराते हुए निर्देशों का अनुपालन करने के लिए कहा. अपने पत्र में राज्यपाल ने कहा है कि वीसी ने अपने 21 दिसंबर को कुलाधिपति को लिखे पत्र में एग्जीक्यूटिव […]

सवाल उठता है कि एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने क्या उक्त प्रस्ताव को पास करते वक्त कानून का पालन किया है? लिहाजा वह बतौर कुलाधिपति अपने अधिकार का प्रयोग करते हुए यह तय करते हैं कि एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने कानून के तहत कार्य किया है या नहीं, इसका फैसला कुलाधिपति ही करेंगे और उनका निर्णय अंतिम होगा.
इस संबंध में विचार करने पर उन्होंने पाया है कि एग्जीक्यूटिव काउंसिल के पास उपरोक्त कदम उठाने का कोई अधिकार नहीं है. कानून में उनके कदम का कोई प्रावधान नहीं है.
कानून के तहत एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने कदम नहीं उठाया, इसलिए वह वाइस चांसलर को निर्देश देते हैं कि एग्जीक्यूटिव काउंसिल का 21 दिसंबर का प्रस्ताव उसके अधिकारों के तहत नहीं है, इसलिए अवैध है. उसके ऐसे किसी प्रस्ताव पर कदम नहीं उठाया जा सकता. बतौर वाइस चांसलर उन्हें (वीसी को) काउंसिल के प्रस्ताव को दरकिनार करके कदम उठाना होगा. ध्यान रखा जाये कि अनदेखा किये जाने पर संबंधित अधिकारी को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे.
ऐसे किसी कदम से विद्यार्थियों पर प्रतिकूल प्रभाव होगा, जिन्हें किसी अवैध दीक्षांत समारोह में डिग्री दी जायेगी. दीक्षांत समारोह की तिथि को कुलाधिपति की मंजूरी जरूरी है और वह दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता करेंगे. यह फैसला बतौर कुलाधिपति वह ले चुके हैं और इसकी जानकारी उन्हें (वीसी को) दी जा चुकी है. एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने कुलाधिपति के फैसले पर आलोचनात्मक रुख अपना कर अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर कदम रखा है. उक्त निर्देश के अनुपालन की उन्हें जानकारी दी जाये.