14 वर्ष के कारावास के बाद तीन माओवादी निर्दोष करार

सुशील रॉय, पतीतपावन हाल्दार और संतोष देवनाथ को 2005 में जंगल महल के झाड़ग्राम से किया गया था गिरफ्तार कोलकाता : कलकत्ता हाई कोर्ट ने तीन कथित माओवादियों को देशद्रोह के मामले में निर्दोष करार दिया. देशद्रोह के आरोप में एक निचली अदालत ने इन तीनों को उम्र कैद की सजा सुनायी थी और सभी […]

सुशील रॉय, पतीतपावन हाल्दार और संतोष देवनाथ को 2005 में जंगल महल के झाड़ग्राम से किया गया था गिरफ्तार

कोलकाता : कलकत्ता हाई कोर्ट ने तीन कथित माओवादियों को देशद्रोह के मामले में निर्दोष करार दिया. देशद्रोह के आरोप में एक निचली अदालत ने इन तीनों को उम्र कैद की सजा सुनायी थी और सभी 14 साल से जेल में बंद थे. इनमें से एक की मौत हो चुकी है.
यह अपील 2006 में दायर की गयी थी. न्यायमूर्ति संजीव बनर्जी और न्यायमूर्ति शुभ्रा घोष की खंडपीठ ने इन तीनों को देशद्रोह और अन्य मामलों में निचली अदालत द्वारा दोषी करार किये जाने से मुक्त कर दिया.
इनके वकील अमर्त्य घोष ने बताया कि सुशील रॉय, पतीतपावन हल्दर और संतोष देवनाथ को 2005 में पश्चिम बंगाल के माओवाद प्रभावित जंगलमहल के झाड़ग्राम से गिरफ्तार किया गया था. इन्हें हथियार उठाकर राज्य की चुनी हुई सरकार को गिराने के लिए लोगों को उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. उन्होंने बताया कि इनके पास से माओवादी दस्तावेज और कुछ अन्य सामग्री भी जब्त की गयी थी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >