कोलकाता.
राज्य सरकार ने दक्षिण बंगाल के तटवर्ती क्षेत्र में स्थित सुंदरवन के आर्थिक विकास के लिए विशेष योजना बनायी है और इसकी मंजूरी के लिए केंद्र सरकार के समक्ष आवेदन किया है. हालांकि, केंद्र सरकार ने अब तक इस योजना को हरी झंडी नहीं दी है. बताया गया है कि राज्य सरकार ने योजना को लागू करने की जिम्मेदारी जल संसाधन विकास विभाग को दी है. परियोजना को लागू करने के लिए उत्तर और दक्षिण 24 परगना जिलों के अंतर्गत आने वाले सुंदरवन के 11 ब्लॉकों के 39 द्वीपों की पहचान की जा चुकी है. इस संबंध में राज्य के जल संसाधन मंत्री मानस भुईयां ने बताया कि नीदरलैंड की विशेषज्ञ संस्था की मदद से सुंदरवन के ब्लॉकों में गाद भरी नहरों की सफाई की जायेगी और इनमें वर्षा का पानी संग्रह किया जायेगा. उन्होंने बताया कि इस योजना पर राज्य सरकार व विश्व बैंक मिलकर संयुक्त रूप से काम करेगी. इस योजना में राज्य सरकार 30 प्रतिशत और बाकी 70 प्रतिशत धनराशि विश्व बैंक खर्च करेगा. जल संसाधन विकास विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, इस योजना पर 1230 करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे. श्री भुईयां ने कहा कि केंद्र सरकार से अनुमति मिलने के बाद सुंदरवन के सीमावर्ती क्षेत्रों में इस योजना पर काम शुरू हो जायेगा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
