बीरभूम से मुकेश तिवारी की रिपोर्ट
पत्थर और बालू कारोबारी टुलू मंडल उर्फ मोहम्मद नाजिबुद्दीन की तलाश में बीरभूम जिला पुलिस ने गुरुवार से शुरू कर शुक्रवार प्रातः तक सिउड़ी स्थित उसके महलनुमा बंगले समेत कई ठिकानों पर करीब 15 घंटे तक लगातार छापेमारी की. प्रातः कार्रवाई पूरी होने के बाद पुलिस ने बंगले को सील कर दिया. हालांकि पूरी कार्रवाई के बावजूद मुख्य आरोपी टुलू मंडल अब भी फरार है.
विदेश भागने की आशंका
पुलिस को आशंका है कि वह पहले ही सुरक्षित ठिकाने पर चला गया था. पुलिस टुलू मंडल के विदेश भागने की आशंका से भी इनकार नहीं कर रही हैं, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. इस कार्रवाई के दौरान बंगले में मौजूद घरेलू सहायिका और सुरक्षा कर्मियों को बाहर निकाल दिया गया. टुलू मंडल के पालतू कुत्ते 'लिली' को भी घर से बाहर करना पड़ा. बंगले पर पुलिस का ताला लगने के बाद यह पूरा घटनाक्रम इलाके में चर्चा का विषय बन गया.
सिउड़ी मकान से मिला लाखों बरामद
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, जांच के दौरान सिउड़ी घर से करीब 8 लाख रुपये नकद और 150 ग्राम सोना बरामद किया गया है. अधिकारियों का मानना है कि मीनार मंडल के आर्थिक लेन-देन और टुलू मंडल के कारोबार के बीच अहम कड़ियां जुड़ी हो सकती हैं. इसी वजह से उनकी संपत्तियों और दस्तावेजों की बारीकी से जांच की जा रही है.
मीनार मंडल के ठिकाने से करोड़ों बरामद
पुलिस की जांच में टुलू मंडल के करीबी और बहनोई मीनार मंडल के ठिकाने से करीब 28.5 करोड़ रुपये नकद और 15 किलोग्राम सोना बरामद होने का दावा किया गया है. वहीं सिउड़ी स्थित टुलू मंडल के बंगले की तलाशी के दौरान करीब 8 लाख रुपये नकद और 150 ग्राम सोना भी बरामद किया गया. पुलिस अब इन संपत्तियों के स्रोत, कारोबारी लेन-देन और आर्थिक नेटवर्क की जांच कर रही है.
महलनुमा बंगला देख दंग रह गई पुलिस
छापेमारी के दौरान टुलू मंडल की आलीशान जीवनशैली भी सामने आई.सिउड़ी के सुभाषपल्ली स्थित चार मंजिला बंगले में विशाल लॉन, विदेशी पौधों से सजा बगीचा, लिफ्ट, अत्याधुनिक जिम, निजी मिनी थिएटर, स्विमिंग पूल, संगमरमर से सजा इंटीरियर और दो लग्जरी कारों के लिए गेराज मौजूद हैं. अधिकारियों के अनुसार यह बंगला किसी लग्जरी रिसॉर्ट से कम नहीं है. इसके अलावा सोंतशाल में पैतृक घर और मोहम्मदबाजार में ट्रक-लॉरी पार्किंग की भी जांच की जा रही है.
मीनार मंडल पुलिस हिरासत में
पुलिस ने मीनार मंडल को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया, जहां से उसे आठ दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया. जांच अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ से टुलू मंडल के ठिकाने, अवैध कारोबार और बरामद संपत्तियों से जुड़े कई अहम राज सामने आ सकते हैं.
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पोस्टर में किए गए दावे के अनुसार, टुलू मंडल और उसके सहयोगियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 309 (सरकारी संपत्ति की चोरी/लूट से संबंधित अपराध) और धारा 111 (संगठित अपराध) समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है.इसके अलावा फर्जी दस्तावेज तैयार करने, जमीन कब्जाने, रंगदारी वसूली तथा बालू-पत्थर कारोबार में अनियमितताओं के आरोपों की भी जांच जारी है.
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पुलिस की कई टीमें तलाश में जुटीं
जिला पुलिस की कई टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं. जांच एजेंसियां टुलू मंडल के आर्थिक नेटवर्क, संपत्तियों और कथित सिंडिकेट से जुड़े पूरे तंत्र की पड़ताल कर रही हैं. पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के बाद इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं.
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