स्लीपर नहीं होने के कारण जानलेवा बने ड्रेन

पानागढ़. पश्चिम बर्दवान जिले के कांकसा थाना अंतर्गत पानागढ़ बाज़ार तथा खाटपुकुर से लेकर मोचीपाड़ा तक नवनिर्मित दो नंबर सड़क के किनारे मौजूद ड्रेनों से स्लीपर नदारद है. इस वजह से प्रतिदिन सड़क के किनारे मौजूद ड्रेनों में गिरकर राहगीर तथा दो पहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं. बार-बार स्थानीय लोगों ने हाइवे अथॉरिटी […]

पानागढ़. पश्चिम बर्दवान जिले के कांकसा थाना अंतर्गत पानागढ़ बाज़ार तथा खाटपुकुर से लेकर मोचीपाड़ा तक नवनिर्मित दो नंबर सड़क के किनारे मौजूद ड्रेनों से स्लीपर नदारद है.
इस वजह से प्रतिदिन सड़क के किनारे मौजूद ड्रेनों में गिरकर राहगीर तथा दो पहिया वाहन चालक दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं. बार-बार स्थानीय लोगों ने हाइवे अथॉरिटी को उक्त ड्रेनों को कवर करने या फिर बंद करने की गुहार लगायी लेकिन कोई भी हल नहीं निकाला जा रहा है. दूसरी ओर, खाटपुकुर से लेकर मोचीपाड़ा के बीच मौजूद ड्रेनों में भी यही स्थिति देखी जा रही है. स्थानीय सुरजीत मंडल ने कहा कि प्रतिदिन ड्रेनों में गिरकर लोग घायल हो रहे हैं. रात में विद्युत नहीं रहने के कारण दुर्घटनाएं ज्यादा हो रही हैं. कही स्लीपर है, कही गायब है.
लोग एक सुर में ड्रेनों पर चलते हैं. अचानक स्लीपर नहीं रहने पर गिरकर घायल हो जाते हैं. इस दिशा में कई बार हाईवेअथॉरिटी से आवेदन किया गया. लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया. लोगों का कहना है कि यदि अविलंब इस दिशा में हाईवे अथॉरिटी ने कदम नहीं उठाया तो उग्र आंदोलन किया जायेगा.

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