सिलीगुड़ी : पानीघाटा चाय बागान के गिरमिट लाइन इलाके में रहने वाले 500 आदिवासी परिवार पीने के पानी के लिए तरस रहे हैं. एक चापाकल के माध्यम से सभी लोगों को पीने का पानी मिलता है. इससे बहुत ही समस्या होती है. इस समस्या के बारे में जिलाधिकारी, जीटीए प्रमुख विमल गुरुंग व रौशन गिरी के अलावा और भी कई विभागिय अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गयी. पर कोई सुनवायी नहीं हुई. उक्त बाते पानीघाटा वेलफेयर सोसाइटी के फाउंडर प्रेसिडेंट ओस्कर तिर्की ने कहीं.
वे रविवार को सिलीगुड़ी जर्नलिस्ट क्लब में संवाददाताओं को संबोधित कर रहे थे. उन्होंने कहा कि इस समस्या को लेकर राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को 12 फरवरी को ज्ञापन सौंपा जायेगा. श्री तिर्की ने कहा कि उक्त समस्या नयी नहीं है. यह 2005 साल से चली आ रही है. पर प्रशासन की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है. मजबूरन लोग दूषित पानी पी रहे हैं. जिससे तरह-तरह की बीमारी उत्पन्न हो रही है. वहीं पानीघाटा चाय बागान कंपनी की ओर से ही उक्त समस्या के निदान के बारे में नहीं सोंचा जा रहा है. उन्होंने कहा कि पानी की समस्या दूर नहीं हुई तो सोसायटी की ओर से जोरदार आंदोलन किया जायेगा.
