कोलकाता: मोबाइल की घंटी बज रही है. तो जरा ठहरिये! क्योंकि पल भर में अपनों के करीब लाने वाला यह मोबाइल पल भर में अपनों से हमेशा के लिए दूर कर सकता है. इन दिनों यह दहशत का सबब बना हुआ है. पिछले कुछ अरसे से देश के विभिन्न इलाकों से मोबाइल फटने की घटनाएं सामने आ रही हैं. विदेशों में भी ऐसी घटनाएं हो रही हैं. कुछ ही दिनों पहले चीन में 23 वर्षीया युवती आइफोन को चार्ज में लगा कर बात कर रही थी, तभी उसके फोन में स्पॉर्क हुआ.
बिजली के तेज झटके से उसकी मौत हो गयी. भारत में मोबाइल की बढ़ती मांग को देखते हुए देशी और विदेशी मोबाइल कंपनियां बाजार में उतर आयी हैं. कंपनियां ग्राहकों को फंसाने के लिए सस्ता व खूबियों से भरा फोन उपलब्ध कराने का वादा करती हैं. सस्ते दर पर अधिक खूबियोंवाला मोबाइल फोन जानलेवा हो सकता है. कई बार बड़ी कंपनी के सेल फोन में भी ब्लास्ट होने की घटना देखने को मिली है. लेकिन सस्ते व चाइनीज मोबाइल में खतरा अधिक है.
क्या कहते हैं जानकार
मोबाइल इंजीनियरों के मुताबिक मोबाइल फोन में इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड होता है. अगर आप किसी ऐसी जगह मौजूद हैं जहां बिजली चमक रही है, तो मोबाइल फोन का इलेक्ट्रोमेग्नेटिक फील्ड बिजली को अपनी ओर खींच लेता है. ऐसे हालात में बिजली की तरंगे मोबाइल की तरफ आकर्षित हो जाती हैं और उसका इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड फट जाता है. दरअसल, मोबाइल फोन से हर वक्त तरंगें निकलती हैं. इन्हें रेडियो फ्रीक्वेंसी कहा जाता है. ये तरंगें काफी शक्तिशाली होती हैं. जैसे ही ये तरंगे बिजली के संपर्क में आती हैं तो मोबाइल फोन एक बम की तरह फट जाता है.
मोबाइल कंपनी में अधिकारी मयंक बनर्जी के मुताबिक : लोकल मोबाइल कंपनियों के कई ब्रांड तो ऐसे हैं, जिनका कोई रेट निर्धारित नहीं है. ऐसे मोबाइल अधिक खतरनाक होते हैं. ऐसे फोन चांदनी मार्केट, बांगड़ी बाजार और धर्मतला के फुटपाथों पर बेचा जाता है. मोबाइल उपभोक्ता पारस साव ने धर्मतला के एक बाजार से मोबाइल फोन खरीदा था. फोन बिक्रेता ने मोबाइल की कई खूबियां गिनायी. लेकिन कोई गारंटी पेपर नही दिया.
