लखनऊ : उत्तर-पूर्व भारत में रहने वाला शायद ही कोई रेल यात्री हो जो कभी मुगलसराय स्टेशन से नहीं गुजरा हो. मुगलसराय उत्तर पूर्व भारत के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों में एक है और भारत के इस बड़े भूभाग की ज्यादातर ट्रेनें इसी स्टेशन से होकर गुजरती हैं. लेकिन, अब मुगलसराय स्टेशन से जुड़ी आपकी यादों को भविष्य में पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन के रूप में साझा करना होगा. उत्तरप्रदेश की योगी आदित्यनाथके नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी सरकार ने मुगलसराय रेलवे स्टेशन का नाम बदलकर पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन करने का फैसला लिया है और इस संबंध में अधिसूचना भी जारी कर दी गयी है.
यानी यहां के लिए टिकट लेते समय या इसकी बुकिंग करवाते समय अब भविष्य में मुगलसराय के कोड एमजीएस की जगह डीडीयू का प्रयाेग करना होगा.
पंडित उपाध्याय भाजपा-जनसंघ के विचार पुरुष रहे हैं. डॉ श्याम प्रसाद मुखर्जी व पंडित उपाध्याय ने भी भाजपा के पुराने संस्करण जनसंघ की स्थापना की थी. पंडित उपाध्याय का शव 1968 में मुगलसराय स्टेशन पर ही मिला था. ऐसे में भाजपा ने अपने विचार पुरुष के नाम पर इस स्टेशन का नामकरण कर उन्हें एक तरह से श्रद्धांजलि दी है.
उत्तरप्रदेश सरकार ने इस संबंध में अधिसूचना जारी की है. चार जून को जारी अधिसूचना में कहा गया है कि उत्तरप्रदेश के चंदौली जिले में पड़ने वाले मुगलसराय जंक्शन का नाम बदल कर पंडित दीन दयाल उपाध्याय जंक्शन किया जा रहा है. इस संबंध में गृह मंत्रालय से पिछले ही महीने अनापत्ति मिली थी. अधिसूचना की काॅपी रेलवे के संबंधित शीर्ष अधिकारियों को भी भेजी गयी है.
