UP Industrial Development: उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास को रफ्तार देने के लिए एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है. गीडा के धुरियापार स्थित सेक्टर-6 में करीब 160 एकड़ जमीन पर आधुनिक ‘प्लग एंड प्ले’ औद्योगिक कॉरिडोर विकसित किया जाएगा. खास बात यह है कि यहां उद्योग लगाने वाले कारोबारियों को शुरुआत से ही सड़क, बिजली और पानी जैसी जरूरी सुविधाएं तैयार मिलेंगी. इससे फैक्ट्री लगाने के लिए उद्यमियों को बुनियादी ढांचा तैयार करने में अलग से ज्यादा समय और पैसा खर्च नहीं करना पड़ेगा.
‘भव्या’ योजना के तहत विकसित होगा कॉरिडोर
धुरियापार में बनने वाला यह औद्योगिक कॉरिडोर केंद्र सरकार की भारत औद्योगिक विकास योजना (भव्या) के तहत विकसित किया जाएगा. केंद्र सरकार ने मार्च 2026 में इस योजना को मंजूरी दी थी. इसके तहत देशभर में 100 नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाने हैं.उत्तर प्रदेश में भी योजना के तहत सात स्थानों पर औद्योगिक कॉरिडोर विकसित करने का प्रस्ताव है. इसी कड़ी में गीडा के धुरियापार सेक्टर-6 में 160 एकड़ जमीन पर यह प्रोजेक्ट तैयार किया जाएगा.
फैक्ट्री लगाने से पहले नहीं करनी होगी बुनियादी ढांचे की चिंता
‘प्लग एंड प्ले’ मॉडल की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि उद्यमियों को औद्योगिक प्लॉट के साथ जरूरी बुनियादी सुविधाएं भी मिलेंगी. गीडा के अधिकारियों के अनुसार, यहां चौड़ी सड़कें, निर्बाध बिजली, पानी और दूसरी जरूरी सुविधाएं विकसित की जाएंगी. इन सुविधाओं को तैयार करने के लिए केंद्र सरकार की ओर से फंड दिया जाएगा. इसका सीधा फायदा उद्योग लगाने वाले कारोबारियों को मिलेगा. उन्हें फैक्ट्री शुरू करने से पहले सड़क, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था करने में अपना अतिरिक्त समय और पैसा नहीं लगाना पड़ेगा.
प्लास्टिक पार्क भी इसी तर्ज पर हो रहा विकसित
गीडा में पहले से बन रहे प्लास्टिक पार्क को भी इसी तरह की प्लग एंड प्ले व्यवस्था के तहत विकसित किया जा रहा है. इसका मकसद उद्यमियों को ऐसा तैयार औद्योगिक माहौल उपलब्ध कराना है, जहां जरूरी आधारभूत सुविधाएं पहले से मौजूद हों और वे अपनी औद्योगिक इकाई स्थापित करने पर सीधे फोकस कर सकें.
DPR तैयार, संशोधन के बाद शुरू होगा सिविल वर्क
इस प्रोजेक्ट को जमीन पर उतारने के लिए गीडा प्रशासन की ओर से विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार कर ली गई है. हालांकि, इसमें कुछ संशोधन करने को कहा गया है. संशोधन पूरा होने के बाद निर्माण से जुड़ा सिविल वर्क शुरू कराया जाएगा. गीडा के एसीईओ रामप्रकाश ने बताया कि कॉरिडोर में सड़क, बिजली, पानी समेत सभी जरूरी सुविधाएं केंद्र सरकार के फंड से विकसित की जाएंगी. उन्होंने बताया कि डीपीआर में कुछ संशोधन के निर्देश मिले हैं और इसके बाद सिविल वर्क कराया जाएगा. एसीईओ के मुताबिक, प्लग एंड प्ले व्यवस्था से उद्यमियों को तैयार आधारभूत ढांचा मिलेगा, जिससे औद्योगिक इकाइयां स्थापित करने में उन्हें सुविधा होगी.
