यूपी कैबिनेट की बैठक में गन्ने का मूल्य 20 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ोतरी, सेमीकंडक्टर नीति सहित कई प्रस्ताव पास

यूपी कैबिनेट की बैठक में गन्ना मूल्य में 20 रूपए प्रति क्विंटल बढ़ाने को मंजूरी मिल गई है. इसके तहत गन्ने की तीनों ही किस्मों में 20 रूपए प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी हुई है. वहीं वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि कुल 18 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है. जिसमें सेमी कंडक्टर नीति की मंजूरी भी शामिल है.

उत्तर प्रदेश के सीएम योगी की अध्यक्षता में गुरुवार को कैबिनेट की बैठक हुई. जिसमें सरकार ने गन्ना किसानों को तोहफा दिया है. कैबिनेट ने गन्ना मूल्य में 20 रूपए प्रति क्विंटल बढ़ाने को मंजूरी दे दी है. इसके तहत गन्ने की तीनों ही किस्मों में 20 रूपए प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है. इसके पहले गन्ना मूल्य को लेकर प्रदेश सरकार ने विधानसभा चुनाव से पहले 2021 में भी 25 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की थी. वर्तमान में सामान्य गन्ने का मूल्य 340 रुपए प्रति क्विंटल और अगेती प्रजापति के गन्ने का मूल्य 350 रुपए प्रति क्विंटल है. कैबिनेट बैठक में पेराई सत्र 2023-24 के लिए सहकारी क्षेत्र, निगम और निजी क्षेत्र सहित सभी चीनी मिलों की ओर से खरीदे जाने वाले गन्ने का राज्य परामर्शित मूल्य एसएपी निर्धारण होगा. बैठक के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि बैठक में कुल 18 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है. जिसमें सेमी कंडक्टर नीति को मंजूरी दी गई है. चौरी-चौरा के नाम पर मुंडेरा नगर पंचायत का नाम किया गया है. उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कारपोरेशन को राज्य एवं स्थानीय कर, संपत्ति कर, गृहकर, सर्विस चार्ज, जलकर, विज्ञापन कर और पार्किंग शुल्क में छूट की मंजूरी दे दी गई है. वहीं उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय के अनुसार, कैबिनेट ने तीन निजी विश्वविद्यालयों की स्थापना को भी मंजूरी दी है.

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उमेश पाल हत्याकांड में जांच रिपोर्ट कैबिनेट में रखी गई

बता दें कि प्रयागराज में उमेश पाल हत्याकांड के आरोपियों के एनकाउंटर और अतीक अहमद व उसके भाई अशरफ की हत्या के मामले की न्यायिक जांच रिपोर्ट भी कैबिनेट में रखी गई. गौरतलब है कि उमेश पाल हत्याकांड के आरोपियों के एनकाउंटर की जांच के लिए राज्य सरकार ने बीते वर्ष 15 अप्रैल को न्यायिक जांच आयोग का गठन किया था. आयोग ने अतीक के बेटे असद, शूटर मोहम्मद गुलाम, अरबाज और विजय चौधरी उर्फ उस्मान के एनकाउंटर की जांच की थी. दूसरी ओर, अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की प्रयागराज के जिला अस्पताल परिसर में हुई हत्या के मामले की जांच भी न्यायिक आयोग से कराई गई थी. सूत्रों के मुताबिक दोनों न्यायिक आयोग ने अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप दी है, जिसे आज कैबिनेट की बैठक में पेश किया गया.

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Author: Sandeep kumar

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