Flood: लखीमपुर-पीलीभीत सहित UP के इन जिलों में बाढ़ का तांडव, त्योहारी सीजन में पलायन को मजबूर ग्रामीण

Flood In Uttar Pradesh: अक्टूबर के महीने में जब चारों ओर लोग तीज-त्योहार की तैयारी में मशगूल हैं वहीं ग्रामीण क्षेत्रों की एक बड़ी आबादी को अपना घर छोड़कर जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है.

उत्तर प्रदेश के कई जिलों में मूसलाधार बारिश की वजह से बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं. त्योहारों के समय आई इस आपदा से ग्रामीण परेशान हैं. इस समस्या का सामना करने वाले जनपदों में लखीमपुर, पीलीभीत, सीतापुर और बाराबंकी के कई गांव हैं. बताया जा रहा है कि बाढ़ की वजह से ग्रामीण गांव से पलायन करने को मजबूर हो रहे हैं.

बीते तीन दिनों से हो रही भारी बारिश के चलते और उत्तराखंड में आई आसमानी आफत के कारण प्रदेश के कई जनपदों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. अक्टूबर के महीने में जब चारों ओर लोग तीज-त्योहार की तैयारी में मशगूल हैं वहीं ग्रामीण क्षेत्रों की एक बड़ी आबादी को अपना घर छोड़कर जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है.

सीतापुर में 19 अक्टूबर को 44.8 मिमी बारिश हुई. जबकि अक्टूबर में अब तक 100.7 मिमी बारिश हो चुकी है, जो सामान्य से 164 फीसदी अधिक है. उधर, लखीमपुर खीरी के जिलाधिकारी डॉ. अरविंद कुमार चौरसिया ने जनपद में बाढ़ को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है. उन्होंने कहा, “दो दिन से जारी बारिश के चलते जनपद की नदियां उफान पर हैं.”

सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, उत्तराखंड के बनबसा बैराज से 5 लाख 33 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया है. इतना पानी जब साल 2013 में जब छोड़ा गया था तो 181 गांवों में पानी घुसा. यानी शारदा नदी का जलस्तर तेजी बढ़ेगा, जो 2 से ढाई मीटर ऊपर जा सकता है. वहीं आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक जेपी गुप्ता ने बताया, “पश्चिमी विक्षोभ के कारण ये बारिश हुई थी. 21 अक्टूबर से मौसम सामान्य हो जाएगा.”

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