राज्य स्मॉल इंडस्ट्री में पंजीकृत होने वाला खूंटपानी कस्तूरबा पहला विद्यालय
उपायुक्त डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि ने प्रेस कांफ्रेंस कर दी जानकारी
चाईबासा : कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय, खूंटपानी की छात्राएं बेहतरीन हस्तशिल्प का निर्माण करती हैं. छात्राओं की हस्तशिल्प के लिए मार्केटिंग की व्यवस्था की जायेगी. हस्तशिल्प कला की आपूर्ति सरकारी विभागों में होगी. उक्त बातें उपायुक्त डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि ने शनिवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित साप्ताहिक प्रेस कांफ्रेंस में कही. डीसी ने कहा कि खूंटपानी कस्तूरबा की छात्राएं बुके, तौलिया, बांस की कलाकृतियां एवं मोमेंटो का निर्माण कारीगरी से करती हैं.
इस कारण इस विद्यालय को स्मॉल स्किल इंडस्ट्री में पंजीयन करा दिया गया है. इससे खूंटपानी कस्तूरबा की छात्राओं की उत्पादों को आसानी से बाजार मिल जायेगा. प्रशासन की ओर से इसकी ब्रांडिंग भी की जायेगी. डीसी ने कहा कि पूरे राज्य स्मॉल इंडस्ट्री में पंजीकृत होने वाला खूंटपानी पहला विद्यालय है. डीसी ने कहा कि जिले के सभी कस्तूरबा विद्यालयों को सीएसआर के तहत एंबुलेंस दिया जा रहा है.
यह पहला जिला होगा, जिसके कस्तूरबा विद्यालय में खुद का एंबुलेंस होगा. डीसी ने कहा कि जिले में संवर्धन कार्यक्रम शुरू किया गया है. इसके तहत रिटायर्ड शिक्षक व अन्य लोग स्कूलों में नि:शुल्क पढ़ा रहे हैं.
मौके पर एडीसी, एसडीओ, एनडीसी, डीटीओ, डीइओ, डीपीआरओ पलटू महतो, डीएसडब्ल्यूओ, डीडब्लूयओ आदि उपस्थित थे. चापाकलों के पाइपों को ठीक किया जायेगा: डीसी ने कहा कि चापाकलों की खराब पाइप को चिह्नित करने का आदेश दिया गया है. गरमी शुरू होने से पहले पाइपों को दुरुस्त कर दिया जायेगा. इसके लिए डीडीसी द्वारा एक बैठक की गयी है. पेयजल समस्या की समीक्षा की गयी है.
