हाइवे के 500 मीटर दूर 11 दुकान की अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं मिला
अनुसूचित प्रखंड के मानक दायरे में आने से कराइकेला के तीन शराब दुकान बंद होंगी
चाईबासा : सुप्रीम कोर्ट का हाइवे (एनएच) के किनारे शराबबंदी के आदेश के बाद पश्चिम सिंहभूम जिले की 14 शराब दुकानें बंद होना तय माना जा रहा है. एक अप्रैल से सुप्रीम कोर्ट का आदेश लागू करने के लिए राज्य सरकार कदम उठा रही है. फिलहाल जिले में कुल 65 (37 विदेशी, 21 देशी और सात कंपोजिट) शराब की दुकानें हैं. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद शराब दुकानों को हाइवे से हटाकर 500 मीटर दूर गली, मोहल्ले में खोलना है. उत्पात विभाग के काफी प्रयास के
बावजूद 51 दुकानों के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र मिल पाया है. वहीं 11 दुकानों की सहमति पत्र प्राप्त नहीं हुआ है. कंपोजिट शराब की चार दुकानें पदमपुर, पचड़ा, चैनपुर व शियालजोड़ा, बालीझरण की एक देशी व एक विदेशी, नोवामुंडी की एक विदेशी, चक्रधरपुर की एक देशी, गोविंदपुर की एक विदेशी, जगन्नाथपुर की एक विदेशी, चाईबासा की एक विदेशी दुकानें शामिल हैं.
कराइकेला की तीनों शराब दुकानें होंगी बंद
अनुसूचित प्रखंड मानक के दायरे में आने के कारण कराइकेला की दो विदेशी तथा एक देशी शराब दुकान को जिला प्रशासन ने बंद करने का निर्णय लिया है. पिछले साल बोली नहीं लग पाने के कारण एक विदेशी शराब और एक देशी शराब की दुकान चल रही थी. वर्तमान में मंझारी, मझगांव, गोइलकेरा, बंदगांव, टोंटो, हाटगम्हरिया, खूंटपानी, गुदड़ी, आनंदपुर आदि प्रखंडों में शराब की दुकानें नहीं खोली गयी है.
जिले की 65 में से 11 दुकानों के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र नहीं मिल पाया है. इसके कारण 11 दुकानें बंद होने की संभावना है. वहीं अनुसूचित प्रखंड के मानक के दायरे में आने के कारण कराइकेला के तीन दुकानों को बंद करने का निर्णय लिया गया है.
सुधीर कुमार, उत्पाद अधीक्षक, पश्चिम सिंहभूम
