रेल ठेकेदार हत्याकांड. बेगूसराय में हत्या के मामले में थी बलराम की तलाश
चक्रधरपुर : बेगूसराय के बलहापुर गांव निवासी रेलवे ठेकेदार बलराम सिंह रेलवे की ठेकेदारी में आने से पहले बिहार के कटिहार में शराब के बड़े कारोबारियों में गिने जाते थे. बलराम सिंह 2008 में शराब का कारोबार करते थे. कटिहार जिले में उन्होंने शराब का ठेका लिया था. जिस समय वह शराब का कारोबार करते थे, उनके साथ चार-चार अंगरक्षक चलते थे. इस बात का खुलासा बेगूसराय से आये परिजनों ने किया. परिजनों ने बताया कि बलराम सिंह शराब का कारोबार छोड़ने के बाद ठेकेदारी में आये. इस क्षेत्र में उन्होंने कम समय में काफी प्रगति की.
रेल ठेकेदारी से जोड़ कर देखा जा रहा है मामला
पुलिस बलराम सिंह हत्याकांड को रेलवे ठेकेदारी से जोड़ कर देख रही है. बताया जाता है कि मृतक बलराम का सीनी, आदित्यपुर व राजगांगपुर में लगभग चार से पांच करोड़ का काम चल रहा है. कम समय में ठेकेदारी लाइन में बलराम ने अपनी गहरी पैठ बना ली थी. बलराम सिर्फ ट्रैक जोनल वर्क में काम करता था.10 मई करोड़ों रुपये का जोनल टेंडर हुआ. लेकिन निविदा से एक दिन पूर्व बलराम की हत्या होना टेंडर से जोड़ कर देखा जा रहा था..
चार साल से से ठेकेदारी कर रहे थे बलराम सिंह
जमशेदरपुर व सीनी में रह कर बलराम सिंह पिछले चार साल से सक्रिय रूप से ठेकेदारी का काम रहे थे. 9 मई को अज्ञात हमलावरों ने दिन दहाड़े चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन के बाहर गोली मार कर हत्या कर दी. बलराम सिंह ठेकेदारी मामले में बहुत ज्यादा चर्चित नाम नहीं था. कुछ ठेकेदार ही उसे जानते थे. हत्या के बाद चक्रधरपुर का कोई व्यक्ति उनकी पहचान नहीं कर सका. बताया जाता है कि बलराम सिंह सिर्फ काम को प्राथमिकता देते थे. लेने – देने मामले में बलराम सिंह पक्के आदमी थे. सीकेपी के कई ठेकेदार बलराम सिंह के पेटी कांट्रैक्टर हैं. मां काली कंस्ट्रक्शन के नाम से बलराम सिंह ठेकेदारी करते थे.
राकेश शर्मा ने मुंशी को दी बलराम की हत्या की सूचना:मुंशी कुंदन कुमार झा ने बताया कि बलराम सिंह की हत्या की खबर मुझे राकेश शर्मा ने दिया. मैं बलराम सिंह के सीनी व आदित्यपुर में चल रहे कार्यों का देख-रेख करता हूं. हत्या की खबर मिलने के बाद मैंने परिजनों को घटना की सूचना दी.
पुलिस को अब तक नहीं मिला हत्या का सुराग: पुलिस हर ऐंगल से हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिये छापामारी कर रही है. हत्या करने के बाद अपराधी किस ओर भागे, शहर में अपराधियों को किस व्यक्ति से मदद मिली. हत्या के क्या कारण है, हत्या किसने करवायी आदि बिंदु पर पुलिस अनुसंधान कर रही है.
पुलिस की एक टीम सीनी रवाना
हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिये चक्रधरपुर थाना प्रभारी रतन कुमार के नेतृत्व में एक टीम सीनी स्थित बलराम सिंह के आवास पहुंची. हालांकि पुलिस को सीनी स्थित आवास व आसपास के लोगों से कोई सुराग नहीं मिला.
