चाईबासा : सदर अस्पताल के ब्लड बैंक के कर्मचारियों पर प्रसूता सीता सरदार ने खून के लिए 2500 रुपये लेने का आरोप लगाया है. प्रसूता को चक्रधरपुर डिवीजन से सदर अस्पताल रेफर किया गया था. महिला ने चक्रधरपुर अस्पताल गेट पर गुरुवार को दो जुड़वां बच्चों को जन्म दिया. प्रसव के बाद उसकी हालत खराब हो गयी. रात ग्यारह बजे गंभीर हालत में उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया.
प्री क्लेमजिया (उच्च रक्तचाप) और सिवियर एनेमिक बता डॉक्टर ने खून चढ़ाने को कहा. सीता के पति चक्रधरपुर में दैनिक मजदूर है. सीता के पति खून के लिए ब्लड बैंक गये. नियमानुसार जननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम (जेएसएसके) के तहत आवेदन लेकर जाने से ब्लड बैंक से प्रसूता को नि:शुल्क खून दिया जाना है. इसमें खून के बदले किसी अन्य डोनर को खून देना पड़ता है. समय नहीं रहने के कारण पीड़ित परिवार ने बाद में डोनर देने की बात कही.
इसपर ब्लड बैंक इंचार्ज ने बताया कि एक खून के पैकेट की कीमत 1200 से 1300 रुपये है. प्रसूता को चार खून पैकेट की जरूरत थी. इसके लिए ब्लड बैंक इंचार्ज मनोज कुमार ने प्रसूता के पति से 2500 रुपये की मांग की. बाद में प्रसूता के पति ने डॉक्टर से मामले की शिकायत की. डॉक्टर ने मामले को संज्ञान में लिया और सिविल सर्जन से शिकायत की.
